भोपाल

एमपी को जल्द मिलेगा नया नेता प्रतिपक्ष, कमलनाथ ने बदली अपनी प्रोफाइल!

मानसून सत्र की रणनीति के लिए बुलाई विधायक दल की बैठक...। राजनीतिक गलियारों में दिनभर चले दो नाम..।

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Aug 06, 2021
कमलनाथ के ट्वीटर प्रोफाइल से नेता प्रतिपक्ष का पद नहीं लिखने पर अटकलों का चला दौर।

भोपाल। मध्यप्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष के नाम का जल्द ऐलान हो सकता है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के साथ नेता प्रतिपक्ष की भी दोहरी जिम्मेदारी संभाल रहे कमलनाथ यह पद छोड़ सकते हैं। इसी मानसून सत्र से पहले रविवार 8 अगस्त को कांग्रेस कोई बड़ा परिवर्तन कर सकती है। नए नेता प्रतिपक्ष के लिए कांग्रेस विधायक सज्जन सिंह वर्मा और गोविद सिंह के नामों की भी अटकलें शुरू हो गई हैं।

मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एवं प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ जल्द ही नेता प्रतिपक्ष का पद छोड़ सकते हैं। ट्वीटर प्रोफाइल से नेता प्रतिपक्ष पद का नाम हटाने के बाद से अटकलें तेज हो गई हैं। नए नेता प्रतिपक्ष की दौड़ में कमलनाथ के करीबी सज्जन सिंह वर्मा और दिग्विजय के करीबी माने जाने वाले गोविंद सिंह का नाम भी लिया जा रहा है। हालांकि कांग्रेस ने इन बातों को निराधार बताया है।

कमलनाथ के निवास पर विधायक दल की बैठक

इधर, खबर है कि कांग्रेस ने 9 अगस्त से शुरू होने वाले विधानसभा के मानसून सत्र से ठीक एक दिन पहले बैठक बुलाई है। जिसमें विधानसभा समेत कई रणनीति पर चर्चा होगी। यह बैठक कमलनाथ के बंगले पर शाम 7 बजे होगी।

सक्रिय हैं गोविंद सिंह

कुछ दिनों से गोविंद सिंह नेता प्रतिपक्ष बनने के लिए कुछ दिनों से सक्रिय हैं। पिछले सप्ताह ही उनका एक बयान सुर्खियों में रहा। उन्होंने एक सवाल के जवाब में ग्वालियर में मीडिया से कहा था कि मै आज भी विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष की भूमिका निभा रहा हूं। कमलनाथजी ने मुझे बहुत सारी जिम्मेदारी दी है वो निभा रहा हूं। मैं सदन में कांग्रेस का पक्ष मजबूती के साथ रखता हूं।

बड़ी भूमिका निभा सकते है कमलनाथ

पिछले माह 15 जुलाई को कमलनाथ 10 जनपद स्थित सोनिया गांधी से मुलाकात करने गए थे। तभी से गांधी परिवार के बेहद करीबी कमलनाथ को कोई अहम जिम्मेदारी दिए जाने की चर्चा शुरू हो गई थीं। कांग्रेस पार्टी में कमलनाथ की अच्छी पकड़ मानी जाती है और सभी नेताओं से उनके अच्छे संबंध हैं। राजनीतिक विश्लेषक इसे पांच राज्यों में होने वाले चुनाव की रणनीति से भी जोड़ते रहे। उन्हें कांग्रेस का कार्यकारी अध्यक्ष बनाए जाने की भी चर्चा मीडिया रिपोर्ट्स में बताई गई।

गांधी परिवार के साथ कमलनाथ का रिश्ता अपने दोस्त संजय गांधी के जमाने का है। इंदिरा कमलनाथ को अपना तीसरा बेटा मानती थीं। संजय के कहने पर ही कमलनाथ ने राजनीति में पहला कदम रखा था। पहली बार 1980 में लोकसभा में पहली बार छिंदवाड़ा से चुनाव लड़ा। तब इंदिरा ने चुनाव प्रचार में कहा था कि राजीव और संजय के बाद कमलनाथ मेरे तीसरे बेटे हैं और मैं अपने बेटे के लिए वोट मांगने आई हूं। इसके बाद कमलनाथ 9 बार लगातार सांसद रहे।

Published on:
06 Aug 2021 08:32 pm
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