
Karunadham Bhopal : दीपों की जगमगाहट, आसमान में उड़ते कंदील, आतिशबाजी की रोशनी और बाजारों में देर रात तक खरीदारी… धनतेरस के साथ ही राजधानी में छह दिवसीय दीपोत्सव का उल्लास छा गया है। घरों से लेकर बाजारों और मंदिरों तक हर तरफ उत्सव की रौनक नजर आ रही है। कहीं धन-समृद्धि की कामना के साथ दीप जलाए गए तो कहीं विशेष पूजा-अर्चना के साथ दीपावली के स्वागत की तैयारियां शुरू हुईं। नेहरू नगर स्थित करुणाधाम आश्रम में दीपोत्सव की शुरुआत खास अंदाज में हुई। यहां मां महालक्ष्मी का अभिषेक कर 250 आकाशदीप छोड़े गए। रात में आधे घंटे तक हुई रंगारंग आतिशबाजी से पूरा आश्रम और आसपास का इलाका रोशनी से नहा उठा।
बाजारों में देर रात तक खरीदारी, घरों में जले दीप
धनतेरस पर शहर के प्रमुख बाजारों में रौनक अपने चरम पर रही। न्यू मार्केट, चौक बाजार, दस नंबर मार्केट सहित प्रमुख व्यापारिक क्षेत्रों में देर रात तक खरीदारी का सिलसिला चलता रहा। लोगों ने सोने-चांदी के आभूषण, बर्तन और पूजन सामग्री की खरीदारी की। दुकानों और प्रतिष्ठानों को आकर्षक रोशनी से सजाया गया। घरों के मुख्य द्वार पर दीप जलाकर मां लक्ष्मी और धनवंतरी देव का स्वागत किया गया। शाम ढलते ही शहर के अलग-अलग इलाकों में दीपों की रोशनी और आतिशबाजी से त्योहार का माहौल बन गया।
करुणाधाम आश्रम में गुरुदेव सुदेश शांडिल्य और गुरु मां ममता शांडिल्य ने मां महालक्ष्मी का विशेष अभिषेक एवं पूजन किया। विश्व शांति, जनकल्याण और समृद्धि की कामना के साथ 250 आकाशदीप आसमान में छोड़े गए। एक साथ आसमान की ओर उठते इन दीपों ने दीपोत्सव के उल्लास को और खास बना दिया। रात में हुई आतिशबाजी से आश्रम परिसर रंग-बिरंगी रोशनी से जगमगाता रहा। मंदिर को दूधिया रोशनी से सजाया गया था, जहां दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का पहुंचना जारी रहा।
करुणाधाम आश्रम में इस बार दीपोत्सव का विशेष आकर्षण मां महालक्ष्मी का अनूठा शृंगार होगा। मंदिर में मां के लिए दक्षिण भारत के तिरुवनंतपुरम से विशेष पोशाक मंगवाई गई है। इसके अलावा दुबई के सोने और हीरों से तैयार विशेष वस्त्र भी पहनाए जाएंगे। इनकी अनुमानित कीमत करीब चार करोड़ रुपए बताई जा रही है। धनतेरस से शुरू हुए तीन दिवसीय धार्मिक आयोजन में दीपावली पर मां महालक्ष्मी का विशेष पूजन होगा। वहीं, अन्नकूट महोत्सव पर मां को 56 भोग अर्पित किए जाएंगे।