
MP Congress- मध्यप्रदेश में राज्यसभा चुनाव को लेकर दोनों प्रमुख पार्टी में हलचल बढ़ गई है। मप्र में जून में राज्यसभा की 3 सीटें खाली हो रहीं हैं। खाली हो रही इन सीटों में से एक सीट कांग्रेस की है जिसके लिए पार्टी ने अपने उम्मीदवार की घोषणा कर दी है। कांग्रेस ने मप्र की राज्यसभा सीट से मीनाक्षी नटराजन को उच्च सदन भेजने का निर्णय लिया है। राहुल गांधी के कोर टीम की सदस्य रहीं मीनाक्षी छात्र राजनीति से लोकसभा तक पहुंच चुकी हैं। वर्तमान में वे तेलंगाना कांग्रेस की प्रभारी हैं। राजनीतिक विशेषज्ञ इसे संगठन में बदलाव का संकेत मान रहे हैं।
कमलनाथ सहित अनेक वरिष्ठ नेताओं के नामों की चर्चा थी लेकिन पार्टी ने महिला नेता मीनाक्षी नटराजन को चुना
मध्यप्रदेश से अभी कांग्रेस के वरिष्ठ नेता, प्रदेश के पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह राज्यसभा के सांसद हैं। उनके स्थान पर राज्यसभा उम्मीदवार के तौर पर कमलनाथ सहित अनेक वरिष्ठ नेताओं के नामों की चर्चा थी लेकिन पार्टी ने महिला नेता मीनाक्षी नटराजन को चुना। वे लोकसभा सांसद भी रह चुकी हैं।
इधर, राज्यसभा के लिए उम्मीदवार की घोषणा के साथ ही प्रदेश के विधायकों को एकजुट रखने की कोशिश भी प्रारंभ हो गई है। मीनाक्षी के चयन को लेकर महिलाओं को साधने की कोशिश के साथ ही प्रदेश में गुटीय संतुलन साधने से जोड़कर देखा जा रहा है।
मीनाक्षी नटराजन उज्जैन के बीरलाग्राम नागदा से हैं। इंदौर से बायोकेमिस्ट्री में पीजी और एलएलबी के साथ वे छात्र राजनीति से सक्रिय रहीं। रतलाम में एनएसयूआइ से राजनीतिक कॅरियर की शुरुआत की। बाद में एनएसयूआइ फिर मप्र युवा कांग्रेस की अध्यक्ष भी रहीं। उन्हें 2008 में राहुल गांधी ने एआइसीसी सचिव के रूप में चुना।
मीनाक्षी नटराजन लोकसभा में जा चुकी हैं। 2009 के लोकसभा चुनाव में मंदसौर से उन्होंने 1971 से अजेय रहे भाजपा के वरिष्ठ नेता लक्ष्मीनारायण पांडे को हरा दिया था। हालांकि बाद के दो चुनाव वे नहीं जीत सकीं।
कांग्रेस ने दिग्गजों के दांव फेल किए
प्रदेश से मीनाक्षी नटराजन को बनाया उम्मीदवार
दिया संगठनात्मक बदलाव का संदेश
राज्यसभा के लिए कांग्रेस ने खेला महिला कार्ड