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दिल्ली में किसानों का आंदोलन तेज होगा, भारत-अमेरिका FTA के खिलाफ बैठकों का दौर जारी

Delhi Farmers Protest- दिल्ली में छात्रों के बाद अब किसानों ने डाला डेरा...। मध्यप्रदेश के किसान नेता शिव कुमार शर्मा कक्काजी बोले- ऐसी तानाशाही चलने नहीं दी जाएगी...।
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भोपाल

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Manish Geete

Jul 23, 2026

Shiv Kumar Sharma Kakka Ji

Shiv Kumar Sharma Kakka Ji- एमपी के किसान नेता शिवकुमार शर्मा कक्काजी गुरुवार को भी दिल्ली में डेरा डाले हुए हैं।

India US FTA Farmers Protest- दिल्ली में छात्र आंदोलन के बीच किसानों ने भी डेरा डाल दिया है। देश बचाओ मोर्चा के बैनर तले दिल्ली में जुटे किसानों का आरोप है कि भारत-अमेरिका मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) किसानों के हित में नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस गुप्त प्रस्तावित समझौते के तहत अमेरिका से सस्ते कृषि उत्पाद भारत आएंगे। इससे देश के छोटे और सीमांत किसानों, स्थानीय डेयरी उत्पादकों और छोटे व्यापारियों की आजीविका प्रभावित होगी।

देश बचाओ मोर्चा: 200 से अधिक किसान संगठनों की एकजुटता

किसानों ने भी गुरुवार को भी बैठकों का दौर चल रहा है। भारत-अमेरिका मुक्त व्यापार समझौता के खिलाफ किसानों ने 21 जुलाई को दिल्ली में पंचायत और प्रदर्शन भी किया। इसमें भारतीय किसान मजदूर महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष शिवकुमार शर्मा कक्का जी सहित प्रदेश के अनेक किसान शामिल हुए। मालूम हो देश बचाओ मोर्चा में 200 से अधिक किसान संगठन शामिल हैं। सभी एकजुट होकर रणनीति के साथ काम कर रहे हैं।

कक्काजी बोले- अमेरिका के साथ मुक्त व्यापार समझौता उचित नहीं

मीडिया से बातचीत में शिव कुमार शर्मा कक्का जी ने कहा कि सरकार तानाशाही कर रही है। ऐसी तानाशाही चलने नहीं दी जाएगी। किसान लगातार आगाह कर रहे हैं कि अमेरिका के साथ मुक्त व्यापार समझौता उचित नहीं है। यह किसान विरोधी है, फिर भी सरकार मनमानी कर रही है। उन्होंने कहा कि आंदोलन की आगे की रणनीति के छह सदस्यीय कोर कमेटी का गठन किया गया। यह कमेटी आंदोलन की आगे की रणनीति तय की जाएगी।

महापंचायत में हजारों की संख्या में शामिल हुए किसान

21 जुलाई को हुई एक दिवसीय किसान महापंचायत और प्रदर्शन में हजारों की संख्या में किसान दिल्ली पहुंचे। बसों और वाहनों के काफिले के साथ पहुंचे किसानों को सरकार ने उन्हें दिल्ली वार्डर पर रोकने का प्रयास किया। दिल्ली कूच को रोकने के लिए हरियाणा पुलिस ने शंभू बॉर्डर पर भारी बैरिकेडिंग और सीमेंट के ब्लॉक लगाकर रास्ते सील कर दिए थे। फिर भी किसान दिल्ली पहुंच गए ।

भारत-अमेरिका मुक्त व्यापार समझौते (FTA) का विरोध क्यों?

0-कृषि और डेयरी क्षेत्र पर प्रतिकूल असर पड़ेगा।
0-कम शुल्क और सब्सिडी के साथ उत्पादों में नुकसान होगा।
0-आय प्रभावित होगी, छोटे उद्योगों पर दबाव बढ़ेगा।
0-एफटीए लागू होने से उपज का उचित मूल्य मिलने में कठिनाई होगी।