भोपाल

सूरज की यूवी रेज से ज्यादा खतरनाक मोबाइल की रोशनी, एक्सपर्ट बोले यूज से पहले लगाएं सन्सक्रीन

टेक्नोलॉजी युग में आज बच्चे हों या बड़े हर कोई स्क्रीन के सामने लंबा वक्त बिता रहे हैं। मोबाइल फोन, लेपटॉप, कम्प्यूटर लोगों की लाइफ स्टाइल पूरी तरह से बदल चुके हैं। लेकिन इसके खतरनाक Side Effects भी अब सामने आ रहे हैं...

2 min read
Jan 05, 2024
mobile_light_harmful_for_face_and_skin_skin_care_tips_by_experts.jpg

टेक्नोलॉजी ने जिंदगी को जितना आसान बनाया है उतने ही इसके साइड इफेक्ट भी नजर आने लगे हैं। हाल ही में की गई एक रिसर्च में सामने आया है कि जो लोग मोबाइल, लैपटॉप या कम्प्यूटर के सामने ज्यादा वक्त बिताते हैं, वे कम उम्र में बुढ़ापे का शिकार हो रहे हैं। दरअसल डॉक्टर्स का कहना है कि लंबे समय तक स्क्रीन के सामने समय बिताना चेहरा और स्किन को नुकसान पहुंच रहा है।

* मोबाइल फोन का अधिक उपयोग हमारी स्किन और हेल्थ दोनों के लिए खतरनाक है।

* इनके इस्तेमाल के दौरान इनसे निकलने वाली नीली रोशनी सूरज की हानिकारक यूवी किरणों की तरह ही स्किन को नुकसान पहुंचा रही है।

* इससे हाइपरपिगमेंटेशन, झुर्रियां, मुंहासे और ब्लैकहेड्स जैसी समस्याएं होने लगती है।

* इतना ही नहीं, मोबाइल पर लंबे समय तक बात करते हुए चेहरे पर गर्मी महसूस होना भी स्किन के लिए हानिकारक है।

* आंखों के चारों ओर लाइनें और झुर्रियां पड़ने लगती हैं।

* माथे पर भी प्रीमैच्योर लाइन्स आने लगती हैं।

* इसके अलावा, मोबाइल की नीली रोशनी से कोलेजन टूटता है, जिससे स्किन डल और खुरदरी होने लगती है।

जानें कैसे बचें

* मोबाइल, लैपटॉप, कम्प्यूटर का इस्तेमाल कम करें।

* हैंड्स-फ्री ऑप्शन का इस्तेमाल करें।

* रोज फोन की सफाई करते रहें।

* चेहरे को भी एंटीसेप्टिक से साफ करें।

* घर पर भी सनस्क्रीन का उपयोग करें।

Published on:
05 Jan 2024 04:14 pm