एक कोच में औसतन सात संक्रमितों को भर्ती कर सकते हैं। इनमें सामान्य बिस्तर हैं, जिन्हें ऑक्सीजन बिस्तर में बदलने की व्यवस्था है।
भोपाल. कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर तेजी से फैल रही है। इसी बीच पश्चिम-मध्य रेलवे ने पिछले साल लॉकडाउन के दौरान बनाए 133 आइसोलेशन कोचों की फिर से साफ-सफाई, मरम्मत का काम शुरू कर दिया है। इनमें 931 बिस्तरों की व्यवस्था है। इनमें से 50 कोच भोपाल मंडल के पास हैं। एक कोच में औसतन सात संक्रमितों को भर्ती कर सकते हैं। इनमें सामान्य बिस्तर हैं, जिन्हें ऑक्सीजन बिस्तर में बदलने की व्यवस्था है।
रेलवे ने बीते साल अप्रैल से जून के बीच मोबाइल आइसोलेशन कोच बनाए थे। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि मोबाइल आइसोलेशन कोच तैयार हैं, लेकिन अभी मांग नहीं आई है। भोपाल में तैयार किए 44 मोबाइल आइसोलेशन कोच बीते साल दिल्ली के मरीजों के काम आ चुके हैं। दिल्ली सरकार की मांग पर बीते साल जून में 44 कोच भेजे गए थे। इन कोचों में ऑक्सीजन सिलिंडर, दवाइयां, पानी बोतल रखने की सुविधा है।
दो दिनों का लॉकडाउन
सीएम शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि आज COVID-19 की उच्चस्तरीय समीक्षा की। प्रदेश के सभी शहरों में शुक्रवार शाम 6 बजे से लेकर शनिवार, रविवार और सोमवार सुबह 6 बजे तक शहरी क्षेत्र बंद रहेंगे, लॉकडाउन रहेगा। आपसे आग्रह है कि जागरुक रहिये, गाइडलाइंस का पालन कीजिये व कोरोना की रोकथाम में योगदान दीजिये।