
भोपाल. प्रदेश के सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों की रचनात्मकता बढ़ाने और उन्हें सालभर लिखने-पढऩे का साधन उपलब्ध कराने के लिए स्कूल शिक्षा विभाग ने नई पहल की है। पहली और दूसरी कक्षा के विधार्थियों को स्लेट और बत्ती उपलब्ध कराई जा रही है। राज्य शिक्षा केन्द्र ने प्रति विद्यार्थी 70 रुपए के हिसाब से राशि जारी कर दी है।
अधिकारियों के मुताबिक विद्यार्थियों को सादा व कलर पेंसिल और रबर भी मुहैया कराई जाएगी। इसका उद्देश्य प्राथमिक शालाओं में विद्यार्थियों को पाठ्य पुस्तक की गतिविधियों का अभ्यास कराना है। इससे इनके लेखन कौशल में विकास के साथ ही दक्षता उन्नयन में मदद मिलेगी। इस तरह का प्रयोग पहली बार किया गया है।
बच्चों को मिलेगी यह सामग्री
फाइबर बोर्ड स्लेट एक
बत्ती (स्लेट पेंसिल ) एक पैकेट
पेंसिल- एचबी पांच नग
रबर- स्टेण्डर्ड पांच नग
रंगीन पेंसिल- क्रेयांस 12 नग
शासन न विद्यार्थी, हेडमास्टर करेंगे खरीदी
विद्यार्थियों के फायदे की इस योजना के तहत शिक्षण सामग्री खरीदी का कार्य हेडमास्टर्स को सौंपा है। राज्य शिक्षा केन्द्र ने प्रति बच्चे 70 रुपए के मान से राशि प्राथमिक विद्यालयों को जारी कर दी है। सामान्यत: विभाग केन्द्रीयकृत खरीदी या निर्माण करके सामग्रीवितरित करता था, या राशि सीधे विद्यार्थियों के खाते में डाल दी जाती थी। हालांकि इस बार खरीदी का जिम्मा हेडमास्टर्स को देने से प्रत्येक जगह गुणवत्ता समान रखना मुश्किल होगा।
बच्चे स्लेट-बत्ती से बेहतर अभ्यास करते हैं। इससे उनमें रचनात्मकता बढ़ती है। इसी उद्देश्य से यह निर्णय लिया है। बच्चे स्कूल आने के प्रति उत्साहित हों, इसके लिए और भी कई कदम उठाए जा रहे हैं।
- प्रभुराम चौधरी, स्कूल शिक्षा मंत्री