
लंबी खींचतान, वाद-विवाद और सियासी उठापटक के बीच आखिरकार आज भारत को नया संसद भवन मिल ही गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नए संसद भवन का विधि-विधान से उद्घाटन किया तो वहीं देशभर के लगभग सभी विपक्षी दलों द्वारा नए संसद भवन की उद्घाटन व्यवस्था का बहिष्कार किया है। इसी बीच नया सियासी बवाल उस समय खड़ा हो गया, जब राष्ट्रीय जनता दल ( RJD ) की ओर से किए गए ट्वीट में नए संसद भवन की तुलना ताबूत से कर दी। मामले को लेकर अब मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आरजेडी पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है।
आरजेडी पर अब भाजपा देशभर में जुबानी हमले कर रही है। इसी कड़ी में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी आरजेडी को करारा जवाब दिया है।
शिवराज का हमला
मामले को लेकर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज ने ट्वीट करते हुए लिखा कि, देशवासी जहां लोकतंत्र के इस नवीन भव्य मंदिर में नए भारत का उज्ज्वल और स्वर्णिम भविष्य देख रहे हैं, वहीं कुछ लोगों की आंखों में बंधी पट्टी उन्हें वह सच्चाई नहीं देखने दे रही है। ऐसे लोगों से बस यही कहना है- 'जाकी रही भावना जैसी, प्रभु मूरत देखी तिन तैसी।'
कैलाश का तंज
वहीं, विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए बीजेपी महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने नए संसद भवन का विरोध करने वालों को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि, विरोध करने वाले आम आदमी से जुड़े हुए नहीं हैं, इसलिए वो विरोध कर रहे हैं। इसीलिए जनता भी ऐसे लोगों का विरोध कर रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वैदिक पद्धति से विद्वानों की मौजूदगी में पूजा-अर्चना के बाद नए संसद भवन को देश को समर्पित किया है। वहीं, आरजेडी के ट्वीट पर कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि, लगता है उन्होंने खुद अपनीभविष्यवाणी कर दी है।
क्या है विवाद ?
आपको बता दें कि, राष्ट्रीय जनता दल द्वारा अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल से ट्वीट करते हुए ताबूत के साथ नई संसद भवन की तस्वीरें शेयर की हैं। साथ ही, कैप्शन में लिखा है कि, ये क्या है ? आरजेडी के इस ट्वीट ने देशभर में सियासी बवाल खड़ी कर दिया है। देशभर के बीजेपी नेता लगातार आरजेडी पर जुबानी हमले कर रहे हैं।