शिवराज ने दी यह बड़ी सौग़ात, फिर कहा-"हम ग़रीबों की सरकार"
भोपालः चुनावी साल है, ऐसे में मध्य प्रदेश की बीजेपी सरकार के सामने लक्ष्य है, हर तबके को साधना। इसके लिए सरकार ने अपना खास फोकस प्रदेश की ग़रीब जनता पर केंद्रित कर रखा है। इसका एक कारण यह भी है, कि सरकार खुद को प्रदेश के ग़रीब तबके की सरकार कहती है। इसी के तहत प्रदेश के मुखिया शिवराज सिंह चौहान ने सरल बिजली योजना के तहत प्रदेश के 16 लाख ग़रीब उपभोक्ताओं के 5179 करोड़ रुपए बिजली का बिल माफ करके बड़ी राहत दी।
अवैध बिजली के मामले होंगे वापस
मंगलवार को प्रदेश की राजधानी भोपाल में आयोजित जनसभा में सीएम शिवराज ने मुख्यमंत्री जन कल्याण योजना (संबल) के तहत सरल बिल योजना और मुख्यमंत्री बिजली बिल माफी योजना में हितग्राही गरीबों को प्रमाणपत्र देते हुए कहा, कि आपको बिजली विभाग के कर्ज के तले दबे रहने की कोई ज़रूरत नहीं है। साथ ही, सीएम ने ग़रीबो को ध्यान में रखते हुए यह फैसला भी लिया कि, अब से आप कितनी ही बिजली जलाएं, आपके घर हर महीने सिर्फ 200 रूपए ही बिजली बिल आएगा। इसके अलावा सीएम ने यह भी कहा कि, जिन लोगों पर अवैध तरीके से बिजली का इस्तेमाल करने के मामले दर्ज हुए है, उन्हें भी वापस लिया जाएगा।
अब निशुल्क मिलेगा बिजली कनेक्शन
जनसभा को संबोधित करते हुए सीएम ने कहा कि, संबल योजना के तहत अब तक प्रदेश के 1.83 करोड़ श्रमिकों और गरीबों का रजिस्ट्रेशन किया जा चुका है, जिसके ज़रिए उनके बिजली बिल माफ किए जा रहे हैं। सीएम ने यह भी कहा कि, प्रदेश में रहने वाला जो भी ग़रीब अब तक मेहंगा शुल्क ना दे पाने के कारण बिजली कनेक्शन नहीं लगवा सका था, उन्हें अब इस योजना के तहत नि:शुल्क कनेक्शन दिया जाने लगा है, लोगों की सुविधा के लिए प्रदेश सरकार क्षेत्रीय स्तर पर शिविर लगाकर नए कनेक्शन देने के साथ पुराने बकाया बिलों को माफ करने के लिए शिविर लगाएंगे।
कांग्रेश कार्यकाल पर उठाए सवाल
सीएम ने अपने भाषण के ज़रिए प्रदेश की जनता से सवाल पूछते हुए कहा कि, ज़रा याद कीजिए कि, कांग्रेश के कार्यकल में बिजली की स्थिति प्रदेश में क्या थी और आज की स्थिति क्या है? सीएम ने कांग्रेस को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि, कांग्रेस ने प्रदेश के लिए अंधेरे को चुना था और हमने उजाले को प्रदेश की जनता के कामों का भागीदार बनाने के प्रयास किए। उन्होंने कहा कि, कांग्रेस ने प्रदेश को अंधेरे में धकेला था, लेकिन भाजपा की सरकार प्रदेश के हर छोटे से ठोटे ग्रामीण इलाके तक बिजली पहुंचाने पर अड़िग रही, जिसे उसने अब तक वचनबद्ध तरीके से पूरा करने का प्रयास किया।