मॉर्डन लुक देने भारतीय पहनावे और वेस्टर्न पहनावे को मिक्स एंड मैच करके इंडो-वेस्टर्न लुक क्रिएट किया जा रहा
भोपाल. कोरोना वायरस का इफैक्ट सभी क्षेत्रों में हुआ है। इसी तरह मॉर्डन समय में इंडियन कल्चर और पहनावे में भी कई बदलाव हुए हैं। पार्टी, शादी, दिवाली, रक्षाबंधन, दशहरा और अन्य तैयार हों। इन सभी फेस्टिवल में आज की जनरेशन को मॉर्डन टच चाहिए होता है। इसके साथ ही मॉर्डन लुक तैयार करने के लिए भारतीय पहनावे और वेस्टर्न पहनावे को मिक्स एंड मैच करके इंडो-वेस्टर्न लुक क्रिएट किया जा रहा है। कोरोना पेंडमिक के बाद लूस फिटिंग अटायर्स का ट्रेंड भी बढऩे लगा है। वहीं कोरोना पेंडमिक के बाद लूस फिटिंग अटायर्स का ट्रेंड भी बढऩे लगा है।
नई जनरेशन के बीच रहेगी डिमांड
फैशन एक्सपर्ट एंड डायरेक्टर आइआइएफटी भोपाल के विशाल तलरेजा ने बताया कि इंडो-वेस्टर्न लुक आने वाले समय में अधिक प्रचलन में रहेगा। साथ ही नई जनरेशन के बीच इसकी डिमांड रहेगी। शिफॉन, जॉरजेट, सेमी शिफॉन, ऑरगेंजा, मलमल आदि फैबरिक्स में फ्लो अच्छा होने के कारण यह एलिगेंट और ग्रेसफुल लुक देता है। जब डिजाइनर सब्यासाची मुखर्जी ने ऑरगेंजा में प्रिंटेड लहंगा, साड़ी, सूट का कलेक्शन लॉन्च किया, तब इस फैब्रिक की लोकप्रियता में बहुत इजाफा हुआ है। ब्राइडल भी अपने शादी के जोड़े में इन फैब्रिक्स का इस्तेमाल कर रही हैं। क्योंकि यह एक कंटेंपोरेरी लुक देता है। और ट्रेंड के अनुसार हर कोई स्मार्ट और ट्रेडी लुक कैरी करना चाहता है।
वेस्टर्न सिल्हुएट्स की तरफ मुड़ रही जनरेशन
फैशन एंड इलस्टे्रशन फैकल्टी, आइआइएफटी सोनल वंजारे ने बताया कि इंडिया भी मॉर्डनाइजेशन की तरफ कदम बढ़ा रहा है। और पहनावे के मामले में काफी हद तक यंग जनरेशन इससे प्रभावित हैं। पहनावे को लेकर सभी की डिमांड होती है कि कुछ अलग पहनना है। हमेशा साड़ी, सलवार, लहंगे, सूट पहनकर ऊब गए हैं। कुछ अलग पहनने की चाहे उन्हें वेस्टर्न सिल्हुएट्स की तरफ मोड़ती है। वेस्टर्न सिल्हुएट्स जैसे जंपसूट, फ्लूलाट्स, प्लाजो, बेल बॉटम पेंंट्स, क्रॉप टॉप आदि को इंडियन वेयर जैसे दुपट्टा, कुर्ता, ब्लाउज आदि के साथ कंबाइन करके पहना जा रहा है, जो स्मार्ट और मॉडर्न लुक देता है।
ऐसे पहनावे में नई जनरेशन महसूस करती हैं कॉन्फिडेंट
फैशन ड्राफ्टिंग फैकल्टी, आइआएफटी सिमरन खेमानी ने बताया कि वॉर्डरोब में रखे हुए कपड़ों को ही दोबारा इस्तेमाल करके उन्हें मिक्स एंड मैच कर मॉडर्न रूप से स्टाइल किया जा रहा है। इस टें्रड इन दिनों बहुत चल रहा है। इसमें कई तो अपने प्लाजो और क्रॉप टॉप के ऊपर मम्मी की साड़ी स्टाइल कर रही हैं। नई जनरेशन ऐसे पहनावे में ज्यादा कॉन्फिडेंट महसूस करती हैं। तथा यह उनके लाइफस्टाइल के साथ भी कंप्लीमेंट करता है। इंडो वेस्टर्न लुक के साथ-साथ कोरोना पेंडमिक के बाद लूस फिटिंग अटायर्स का भी ट्रेंड रहेगा। क्योंकि 'लेस-इज-मोरÓ और कंटेंपरेरी एंड कंफर्टेबल फ्लोदिंग को आने वाले समय में ज्यादा देखा जा सकता है।