
महाजन. जैतपुर गांव की गोपीनाथ गोशाला में मंगलवार देर रात को पशु चारे में अचानक आग लगने से करीब चार हजार क्विंटल चारा जलकर राख हो गया। मौके पर पहुंची तीन दमकलों व ग्रामीणों सहित पुलिस ने सात घंटों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। गनीमत रही कि आग की चपेट में गोवंश नहीं आया।
जानकारी के अनुसार गोशाला के चारा गोदाम में रात करीब दो बजे अज्ञात कारणों से आग लग गई। देखते ही देखते गायों के लिए रखी हजारों क्विंटल पराली सहित ग्वार, मोठ का नीरा भी आग की चपेट में आ गया। आग लगने की सूचना मिलने पर जैतपुर से बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंचे व टैंकरों की मदद से आग बुझाने का प्रयास किया।
घटना की सूचना मिलते ही महाजन थाने से भी स्टाफ पहुंचा। आग लगने के करीब दो तीन घंटे बाद बीकानेर, सूरतगढ़ व सूरतगढ़ थर्मल प्लांट से एक-एक दमकल भी मौके पर पहुंची। तीनों दमकलों के साथ स्थानीय लोगों व पुलिसकर्मियों ने टैंकरों से पानी डालकर आग बुझाने का प्रयास किया। करीब सात घंटों के बाद आग पर काबू पाया जा सका। तब तक गोशाला में रखा करीब चार हजार क्विंटल चारा जलकर राख हो गया। सामाजिक कार्यकर्ता असमान शाह रंगरेज ने बताया कि आग से गोशाला का गोदाम भी क्षतिग्रस्त होकर गिर गया। गनीमत रही कि आग की चपेट में एक भी गोवंश नहीं आया। ग्रामीणों ने बताया कि आग से गोशाला को लाखों का नुकसान हुआ है।
14 घण्टे बंद रही विद्युत आपूर्ति
गोशाला में आग लगने के कारण गोशाला के आगे से गुजरने वाली 33 केवी विद्युत लाइन को बंद करवा दिया गया था। देर रात को बंद हुई इस विद्युत लाइन को बुधवार शाम करीब चार बजे चालू किया गया, जिससे जैतपुर के जीएसएस से जुड़े सभी गांवों, ढाणियों व कृषि कुओं पर 14 घंटे तक विद्युत आपूर्ति बाधित रही।