
बीकानेर. सीमा सुरक्षा बल के जवानों के शौर्य और पराक्रम के चलते भारतीय जवानों से पाक रेंजर्स डरते है। शौर्य, पराक्रम और साहस की कोई कीमत नहीं होती। देश में आतंकवाद और नक्सलवाद पर नकेल कसने में अद्र्ध सैनिक बलों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इसी का नतीजा है कि आज देश से ६० प्रतिशत नक्सलवाद का सफाया हो गया है। यह बात देश के गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने शुक्रवार को सीमा सुरक्षा बल के शस्त्र पूजन कार्यक्रम में कही। गृहमंत्री ने कहा कि हमारी सेना और सशस्त्र बल के लिए शस्त्र शरीर के अंग की तरह है।
एक राउंड में कई गोलियां फायर करने और कई किलोमीटर तक निगरानी रखने वाले हथियार और उपकरण हमारे पास है। एेसे में कौन हमसे बचकर निकल सकता है। राजनाथ सिंह ने कहा कि इस राम की पूजा होती है रावण की नहीं। जबकि रावण के पास अकूद सम्पत्ति थी और सोने की लंका थी, मौत पर विजय प्राप्त करने से बलशाली था। प्रखांड विद्धान होने के बावजूद मर्यादा और चरित्र के चलते राम को पूजते है। कार्यक्रम के बाद गृहमंत्री ने बॉर्डर का दौरा किया और सीमा चौकियों पर जवानों से बातचीत की।