नारायणगूढ़ से करीब चार साल पहले लापता हुए मानिसक विक्षिप्त युवक रेवती रमन पाण्डे को सोशल मीडिया के माध्यम से परिजनों से मिलाया गया है।
लूणकरनसर. उत्तराखण्ड के बागेश्वर जिले के ग्राम नारायणगूढ़ से करीब चार साल पहले लापता हुए मानिसक विक्षिप्त युवक रेवती रमन पाण्डे को सोशल मीडिया के माध्यम से परिजनों से मिलाया गया है। लापता युवक से मिलने के दौरान परिजनों की आंखों में खुशी के आसूं छलक पड़े। बम्बलू गांव निवासी रमेश आचार्य राष्ट्रीय राजमार्ग-१५ पर बामनवाली गांव के पास गणेश होटल चलाते है तथा करीब १०-१२ दिन पहले सड़क पर एक युवक भटकता हुआ मिला। जिसे वे अपने होटल ले आए।
होटल पर लाने के बाद युवक के बढ़े हुए सिर व दाढ़ी के बाल कटवाए तथा नहलाकर नए कपड़े पहनाए। इसके बाद युवक से पूछताछ करने पर केवल अपने गांव व जिले का नाम ही बता रहा था। इसके बाद होटल संचालक रमेश आचार्य ने सोशल मीडिया से युवक द्वारा बताए गए गांव व जिले का पता लगाया। इसके बाद उत्तराखण्ड के बागेश्वर जिले के पुलिस अधीक्षक के नम्बर लेकर बात कर मामले से अवगत करवाया गया।
बागेश्वर के पुलिस अधीक्षक बीर सिंह ने मामले को गंभीरता से लेते हुए सोशल मीडिया से भेजे गए फोटो के माध्यम से युवक के परिजनों का पता लगाया गया तथा परिजनों ने युवक को पहचान लिया। रविवार को लापता युवक को लेने के लिए उसके पिता पूरन चन्द्र पाण्डे, उसके छोटे भाई व एक पड़ोसी बामनवाली पहुंचे।
युवक के पिता पूरन चन्द्र पाण्डे ने बताया कि रेवती रमन पाण्डे पढ़ाई में होशियार था तथा स्नात्तक करने के बाद नौकरी नहीं लगने से मानसिक रूप से परेशान रहने लगा। इसका इलाज चल रहा था। इस दौरान एक दिन बिना बताए घर से निकल गया। लगातार चार साल तक तलाश कर रहे थे।
गोशाला की व्यवस्था पर चर्चा
खाजूवाला. श्रीगोपाल कृष्ण गो-शाला समिति की कार्यकारिणी की बैठक रविवार को हुई। इसमें निर्धारित बिन्दुओं पर चर्चा की गई। अध्यक्ष रामकुमार तेतरवाल ने बताया कि गो-शाला में लगभग 100 ट्रॉली से ज्यादा खाद की बोली रविवार 15 अप्रेल को 11 बजे निश्चित समय पर शुरू होकर 12 बजे बोली समाप्त कर दी जाएगी।
इसके अलावा चारा एकत्रित करने के लिए प्रस्ताव सर्व सम्मति से पारित किया गया। इसके साथ ही पशु शेड बनाने का प्रस्ताव तथा चार दीवारी का प्रस्ताव भी पास किया गया। बैठक में रमेश बंसल, हंसराज मण्डा, रामप्रकाश गोदारा, मुकेश भादू, बालराम शर्मा, विनोद माल, मालचन्द पारीक, प्रेम रणवां, रामकुमार तेतरवाल आदि मौजूद थे।