मंत्रालय ने जारी की एडवाइजरी: किसानों ने विभागीय अधिकारियों को भी अवगत कराया
छतरगढ़. ऊर्जा मंत्रालय की ओर से सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने के साथ ही पीएम कुसुम योजना में पंजीयन के लिए फर्जी वेबसाइट सामने आने लगी है। इसको लेकर सोमवारकको किसानों ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को भी अवगत कराया था। इसके बाद फर्जी वेबसाइट पर अंकुश लगाने के लिए मंत्रालय ने किसानों के लिए नए सिरे से अलर्ट एडवाइजरी जारी की है।
यह एडवाइजरी पहले की $फर्•ाी वेबसाइट व बैंक खातों को बंद करवाने के बाद दुबारा $फर्•ाी वेबसाइट सामने आने पर जारी की गई है। नवीन एवं ऊर्जा मंत्रालय की ओर से पीएम कुसुम योजना में आवेदन के लिए किसानों को अलर्ट एडवाइजरी जारी की गई है। एडवाइजरी में ग्राहक को सिर्फ मंत्रालय की आधिकारिक वेबसाइट से ही सूचना लेने के लिए निर्देशित किया गया है।
गौरतलब है कि पीएम कुसुम योजना में किसानों को सब्सिडी के साथ सोलर पंप सेट दिया जा रहा है। इसे देखते हुए ठगों ने $फर्•ाी वेबवसाइट बना कर किसानों से आवेदन करवाकर ठगी की जा रही है। कुछ समय पहले मुंबई में पीएम कुसुम योजना में रुपए जमा करवाने के लिए बैंक में अकाउंट भी खुलवा लिया था 7मामला सामने आने के बाद अलर्ट एडवाइजरी जारी हुई है।
यह है योजना
उद्यान विभाग की योजना के अनुसार सोलर पंपसेट खरीद के लिए किसानों को 30 से 40 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाता है। इस योजना में किसान पात्रता के अनुसार 7.5 एचपी तक के सोलर पंप सेट के लिए 60 प्रतिशत तक अनुदान ले सकते है। लागत की 40 प्रतिशत राशि किसान को वहन करनी होती है।
ये है अधिकृत साइट
अलर्ट के अनुसार नवीनीकरण एवं उर्जा मंत्रालय की ओर से पीएम कुसुम योजना के लिए www.mnre.gov.in. वेबसाइट जारी है। इसके अलावा किसानों को राज किसान साथी पोर्टल rajkisan.rajasthan.gov.in के जरिए आवेदन करना होगा। इसके लिए टोल हेल्प लाइन सेवा भी शुरू की है।
इनका कहना है
मंत्रालय ने पीएम कुसुम योजना मे हो रहे $फर्•ाीवाड़े से किसानो को सावधान रहने के लिए जागरूक किया है। उद्यान विभाग की ओर से सोलर वाटर पंप की योजना के लिए किसानों को राज किसान साथी पोर्टल के माध्यम से आवेदन करना चाहिए । जिसके लिए अंतिम तिथि 15 मई है ।
सुधेश पूनिया, कृषि विशेषज्ञ