क्या यह बसें नहीं चलेगी, एक महिला यात्री ने रोडवेज बस स्टैण्ड पहुंचकर वहां मौजूद लोगों से सवाल किया तो जवाब मिला नहीं-नहीं बसों की हड़ताल चल रही है।
बीकानेर. क्या यह बसें नहीं चलेगी, एक महिला यात्री ने शनिवार को रोडवेज बस स्टैण्ड पहुंचकर वहां मौजूद लोगों से सवाल किया तो जवाब मिला नहीं-नहीं बसों की हड़ताल चल रही है। तो प्राइवेट बस कहां से मिलेगी? समीप खड़े दूसरे यात्री ने कहा, मुख्य सड़क से मिल सकती है। एेसे नजारे रोडवेज केन्द्रीय बस स्टैण्ड पर दिनभर देखने को मिल रहे हैं। रोडवेज की चक्काजाम हड़ताल के चलते आम यात्रियों को परेशानी उठानी पड़ रही है। लोगों को निजी बसों, लोक परिवहन की बसों में सफर करना पड़ा है जो परेशानी भरा होने के साथ यात्रियों की जेब पर भारी भी पड़ रहा है।
शनिवार को छठे दिन भी हड़ताल जारी रही। राजस्थान रोडवेज श्रमिक संगठनों का संयुक्त मोर्चा के आह्वान पर कर्मचारियों ने बस स्टैण्ड से उरमूल चौराहे तक रैली निकाल कर विरोध जताया। इस दौरान हड़ताली कार्मिकों समर्थन में कर्मचारी नेता हेमंत किराड़ू, जयकिशन पारीक, गजेन्द्र ङ्क्षसह सांखला, कमल सिंह गोयल, गुलाम हुसैन, शिक्षक नेता रेवंतराम,
सीटू के अंजनी शर्मा सहित बड़ी संख्या में अन्य संगठनों के पदाधिकारी शामिल हुए।
रोजाना १६ लाख का नुकसान
कर्मचारियों की हड़ताल के चलते रोडवेज के बीकानेर आगार को अब तक 96 लाख रुपए के राजस्व का घाटा हो चुका है। रोजाना 16 लाख रुपए का नुकसान उठाना पड़ रहा है।
इंद्रा गोदारा, आगार प्रबंधक, बीकानेर
निदेशालय पर दसवें दिन भी रेस्टा का धरना जारी
बीकानेर. राजस्थान वरिष्ठ शिक्षक संघ रेस्टा का अपनी मांगो को लेकर हल्लाबोल कार्यक्रम के तहत शिक्षा निदेशालय के सामने दसवें दिन भी धरना जारी रहा। धरने में प्रदेश उप सभाध्यक्ष मोहर सिंह सलावद ने कहा कि हम दस दिन से यहां स्कूल छोड़कर मांगों को लेकर धरना दे रहे है, लेकिन सरकार की ओर से सकारात्मक जबाब नहीं मिल रहा, जबकि निदेशक नथमल डिडेल ने संगठन की मांगों के निस्तारण के लिए सरकार को प्रस्ताव भेज दिया, लेकिन अभी तक मांगे पूरी नहीं हुई है।
वरिष्ठ शिक्षकनेता गुरुचरण मान व रेस्टा के प्रदेश मुख्य संगठनमंत्री उमेश वसवाल ने कहा कि सरकार हमारी परीक्षा नहीं लें, नही तो राज्यभर में आंदोलन किया जाएगा। धरने में टोंक जिलाध्यक्ष ओमप्रकाश शर्मा, जयपुर मंडल अध्यक्ष भीवाराम, बीकानेर जिलाध्यक्ष बजरंग लोयल, महामंत्री शिवकरण सिंह राठौड़, मंडल अध्यक्ष बीकानेर टोडाराम गोलिया, विनयसिंह, जिला संगठन मंत्री जनकसिंह चौहान आदि शिक्षक मौजूद रहे।