
रेलवे बिजली की बचत के लिए सौर ऊर्जा का प्लांट स्थापित कर रहा है। आगामी दिनों में मंडल रेल प्रबंधक कार्यालय, आरक्षण कार्यालय, रेलवे अस्पताल व बीकानेर की वाशिंग लाइन सौर ऊर्जा से
रोशन होंगी। सौर ऊर्जा प्लांट लगाया जा चुका है और जल्द ही इससे कनेक्शन दिया जाएगा। इसके बाद पर्याप्त बिजली मिलने लगेगी।
सौर ऊर्जा प्लांट सुचारू होने के बाद बीकानेर में ही प्रतिदिन 580 यूनिट बिजली पैदा होगी। वहीं एक साल में लगभग 2 लाख 12 हजार यूनिट बिजली मिलेगी। बीकानेर में डीआरएम ऑफिस, आरक्षण कार्यालय, अस्पताल व वाशिंग लाइन पर 116 किलोवाट का प्लांट लगाया गया है। इससे अगले माह बिजली आपूर्ति शुरू हो जाएगी।
लगेगा विशेष मीटर
सौर ऊर्जा प्लांट के लिए बाय डायरेक्शन मीटर लगेगा। इससे जितनी बिजली मंडल कार्यालय में खर्च होगी, उसका हिसाब रहेगा। साथ ही अवकाश के दिन बनने वाली बिजली स्वत: बिजली ग्रिड स्टेशन को मिल जाएगी। यह विशेष मीटर दोनों तरफ चालू रहेगा।
यहां भी लग रहा है
बीकानेर मंडल के श्रीगंगानगर रेलवे स्टेशन व पार्सल ऑफिस के ऊपर भी सौर ऊर्जा प्लांट लगाया जा रहा है। दोनों स्थानों पर 82 किलोवाट का प्लांट लगाया जा रहा है। गंगानगर में अप्रेल तक काम पूरा हो जाएगा। इसके बाद वहां सौर ऊर्जा से ही बिजली सुचारू होगी।
होगी राजस्व की बचत
उत्तर पश्चिम रेलवे के बीकाने मंडल में चार स्थानों पर सौर ऊर्जा प्लांट शुरू होने से रेलवे को सालाना 6 लाख 26 हजार 800 रुपए के राजस्व की बचत होगी। सौर ऊर्जा से बिजली का बिल नहीं आएगा। बीकानेर में दिल्ली की कंपनी कार्य कर रही है।
सौर ऊर्जा से होंगे रोशन
मंडल रेल प्रबंधक कार्यालय के सामने रेलवे अस्पताल व रेलवे स्टेशन के पास आरक्षण कार्यालय (पीआरएस) के ऊपर भी सौर ऊर्जा का प्लांट लगाया गया है। इसके बाद टिकट आरक्षण कार्यालय भी सौर ऊर्जा से रोशन हो जाएगा। इसी तरह डीआरएम कार्यालय के सामने मंडल रेलवे अस्पताल में बिजली आपूर्ति की जाएगी।
लगाए जा रहे हैं प्लांट
बीकानेर मंडल में कई जगह सौर ऊर्जा प्लांट लगाए जा रहे हैं। इससे भारी मात्रा में बिजली व राजस्व की बचत होगी। मंडल रेल प्रबंधक कार्यालय में अगले माह सौर ऊर्जा से बिजली आपूर्ति सुचारू हो जाएगी। अगले चरण में गंगानगर में सुचारू किया जाएगा।
सीआर कुमावत, वरिष्ठ वाणिज्य मंडल प्रबंधक, बीकानेर