बिलासपुर

जश्ने ईद मिलादुन्नबी पर बड़ा फैसला! जुलूस में डीजे, हथियार, वाहन बैन… महिलाएं भी नहीं होंगी शामिल

CG News: पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब की पैदाइश के मौके पर हर साल की तरह इस बार भी शहर में जश्ने ईद मिलादुन्नबी अनुशासन और पारंपरिक अंदाज में मनाया जा रहा है।
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Updated: 4 Sep 2025, 12:07 PM IST
जश्ने ईद मिलादुन्नबी (Photo- X)
जश्ने ईद मिलादुन्नबी (Photo- X)

CG News: पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब की पैदाइश के मौके पर हर साल की तरह इस बार भी शहर में जश्ने ईद मिलादुन्नबी अनुशासन और पारंपरिक अंदाज में मनाया जा रहा है। शुक्रवार को उसकी देन कमेटी की सरपरस्ती में पारंपरिक जुलूस निकाला जाएगा, जिसमें डीजे, हथियार, वाहन बैन रहेगा। महिलाएं भी शामिल नहीं होगी।

जुलूस दोपहर 2 बजे सत्यम चौक से रवाना होकर विभिन्न प्रमुख चौक-चौराहों से होता हुआ ईदगाह पहुंचेगा। यहां परचम कुशाई की रस्म पूरी होगी। मगरिब की नमाज मसानगंज मस्जिद के पेशइमाम अदा कराएंगे। इसके बाद पैगंबर साहब की जीवनी पर तकरीर का आयोजन होगा।

कमेटी ने जारी किए दिशा-निर्देश

जुलूस शुक्रवार दोपहर 2 बजे सत्यम चौक से प्रारंभ होगा। यह अग्रसेन चौक, तारबाहर चौक, गांधी चौक, गोलबाजार होकर मदीना मस्जिद पहुंचेगा, जहां असर की नमाज अदा की जाएगी। इसके बाद जुलूस सदर बाजार और जूनी लाइन चौक से होते हुए ईदगाह पहुंचेगा। कमेटी ने बताया कि जुलूस का शहर के विभिन्न स्थानों पर स्वागत किया जाएगा। अग्रसेन चौक, लिंक रोड, तारबाहर, गांधी चौक, जूना बिलासपुर मस्जिद, गोलबाजार, सदर बाजार और राजेंद्र नगर में स्वागत की तैयारियां की गई हैं।

जुलूस में शामिल होने वाले सभी लोगों से अपील की गई है कि वे पारंपरिक वेशभूषा में आएं। जुलूस में डीजे पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगा। अस्त्र-शस्त्र लेकर चलने पर रोक है। कमेटी ने कहा कि महिला वर्ग को जुलूस में शामिल नही किया जाएगा। आतिशबाजी और पानी पाउच का भी इस्तेमाल नहीं किया जाएगा। इसके अलावा दोपहिया और चारपहिया वाहन भी जुलूस में शामिल न करने की सख्त हिदायत दी गई है।

Updated on:
4 Sep 2025, 12:07 PM IST
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