
बिलासपुर. धर्मगुरु बालदास के रूठकर कांग्रेस में जाने से हो नुकसान को भांपते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जातीय समीकरण साधने की कोशिश की। उन्होंने जहां जय सतनाम के नारे लगाकर एससी वोटरों को तो बुढादेव की जयकारे लगाकर एसटी वोटरों को प्रभावित करने का प्रयास किया। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी सोमवार को शहर के साइंस कॉलेज मैदान में भाजपा प्रत्याशियों के पक्ष में चुनावी सभ्भा को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने विकास के लिए फिर से एक बार भाजपा की सरकार बनाने के लिए समर्थन और वोट मांगे। प्रधानमंत्री ने छत्तीसगढ़ी में अपना संबोधन शुरू करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ के जम्मो संगी जवरिहा औ महतारी बहिनी मन ला जय जोहार साथ ही उन्होंने बुढ़ा देव और बिलासा दाई का जयकारा लगाया। ऐसा करके उन्होंने बिलासपुर के मंच से आसपास के 100 किमी के दायरे के आने वाले विस क्षेत्रों के जातिगत समीकरण को साधने का प्रयास किया।
नोटबंदी पर ऐसा कहा पहली बार : पीएम ने नोटबंदी पर पहली बार पूर्व प्रधानमंत्री स्व. राजीव गांधी और सोनिया गांधी का नाम लिए बगैर नेशनल हेराल्ड केस पर तंज कसते हुए कहा कि नोटबंदी की वजह से ही फर्जी कंपनियां उजागर हुई। उन्होंने कहा कि अब जमानत पर घूम रहे मां -बेटे नोटबंदी का हिसाब मांग रहे मोदी से इमानदारी का प्रमाण मांग रहे हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के लोग हैरान है कि चारों तरफ गरीबों के हित और विकास के काम हो रहे हैं, लोग हैरान है कि मोदी इतना पैसा लाता कहां से है। उन्होंने कहा कि भाइयों बहनों ये पैसा मोदी का नहीं आपका है। कांग्रेस के तीसरी पीढ़ी के प्रधानमंत्री कहते थे कि वे दिल्ली से 1 रुपए भेजते हैं तो यहां 15 पैसा पहुंचता है 85 पैसा जाता कहां है ये वहीं 85 पैसा है जिसे लोगों ने अपने बिस्तर और बोरियों में भरकर रखा था जो नोटबंदी के बाद बाहर आया है। इसलिए आरोप लगाए जा रहे हैं।
यह है एससी वोटों का कैलकुलेशन : प्रदेश में कुल मतदाताओं की संख्या 1 करोड़ 85 लाख 45 हजार 819 है। जिनमें 13 फीसदी एससी वोटर हैं जिनकी संख्या 24 लाख 10 हजार 956 है। इन विधानसभाओं में है अच्छी तादात बिलासपुर जिले के तखतपुर, बेलतरा, बिल्हा और मस्तूरी, मुंगेली जिले के लोरमी और मुंगेली विधानसभा क्षेत्रों के अलावा 100 किमी के दायरे में आने वाले बिलाईगढ़, कसडोल, बलौदा बाजार, जांजगीर जिले के पामगढ़, जैजैपुर, चंद्रपुर में एससी वोटरों की बाहुल्यता है जिनको प्रधानमंत्री ने अपने जयकारे के जरिए प्रभावित करने का प्रयास किया है।
बच्चों की पढ़ाई और बुजुर्गों की दवाई : मोदी ने कांग्रेस के चुनावी घोषणा पत्र पर कटाक्ष करते हुए कहा कि कांग्रेस ने छत्तीसगढ़ के लिए 36 प्वाइंट पर अपना घोषणा पत्र तय किया जिसमें 150 बार नामदार को सर कहा। जनता उस पर विश्वास नहीं कर रही है। भाजपा ने घोषणा पत्र में शिक्षा और कृषि समेत सबके विकास का संकल्प दोहराया है। बच्चों की पढ़ाई किसानों की संाई और बुजुर्गों की दवाई का इंतजाम होना चाहिए हम ऐसी योजना ला रहे हैं।
18 साल का हो गया छग, आप ही माईबाप : प्रधानमंत्री ने कहा आज छत्तीसगढ़़ 18 साल का हो गया। ये उम्र का ये ऐसा पड़ाव है, घर के बेटा-बेटी जब 18 साल के होते हैं तो परिवार के मुखिया का तरीका बदल जाता है। उन्होंने कहा कि अब आप ही छत्तीसगढ़ के माई बाप हैं कोई आकर विकास की इस रफ्तार को बे्रक न कर दे इसकी चिंता अब आपको करना है। इसी अपेक्षा के साथ एक बार फिर आपके पास आया हूं।
निर्वाचन आयोग के पहल की सराहना की : प्रधानमंत्री ने कहा कि एक सप्ताह बाद 20 नवंबर को प्रदेश के बाकी 72 सीटों के लिए मतदान होना है इस बार नया रिकॉर्ड स्थापित होना चाहिए महिलाओं और पुरुषों में मतदान को लेकर स्पर्धा होनी चाहिए। उन्होंने जनजागरूकता अभियान के लिए चुनाव आयोग की भी सराहना की। साथ ही सबका साथ सबका विकास को अपनी पार्टी का मूलमंत्र बताया। मंच में प्रदेश अध्यक्ष व बिल्हा विधानसभा क्षेत्र के प्रत्याशी धरमलाल कौशिक, बिलासपुर विधानसभा क्षेत्र के प्रत्याशी अमर अग्रवाल समेत बिलासपुर और मुंगेली जिले के विधानसभा सीट के प्रत्याशी मौजूद रहे।
माओवाद को हराने अधिक वोटिंग की अपील : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बस्तर में सीधी अपील करने के बजाए बिलासपुर की चुनावी सभा के मंच से माओवाद को हराने के लिए अधिक वोटिंग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि बम और बंदूक की ताकत दिखाने वालों को जवाब देने मतदान करें। साथ ही उन्होंने विपक्षी पार्टी पर कटाक्ष किया कि मावोवाद को पालने उनकी वकालत करने वाले माओवाद से क्या मुक्त कराएंगे ये काम भाजपा की सरकार ही कर सकती है। उन्होंने छत्तीसगढ को धान का कटोरा बताते हुए यहां के दुबराज चावल की महक को भी याद किया। उन्होंने छत्तीसगढ़ को सतनाम परंपरा की जन्मस्थली बताते हुए संत कबीर को भी याद किया।
1400 करोड़ की योजना पर कुछ नहीं बोले : प्रधानमंत्री ने चुनावी सभा के मंच से चौदह सौ करोड़ की संचार क्रांति स्काई योजना पर कुछ नहीं कहा। जो सरकार की महती योजना है मोबाइल ब्लास्ट और नेटवर्क के दावे फेल होने के कारण उन्होंने विपक्ष के भय से योजना पर चुप्पी साध ली।
नहीं आए सीएम और प्रदेश प्रभारी : तय कार्यक्रम के मुताबिक साइंस कॉलेज के चुनावी सभा में मख्यमंत्री डॉ रमन सिंह और राष्ट्रीय महासचिव डॉ अनिल जैन का आगमन तय था परंतु मुख्यमंत्री राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनावी सभा में शामिल होने के कारण नहीं आए।