अर्जुन ने बताया, 'जितना मैं अंशुला की सलामती चाहता हूं उतना ही मैं जाह्नवी-खुशी के लिए फिक्रमंद हूं।
बॉलीवुड दिवंगत अभिनेत्री श्रीदेवी के निधन के बाद उनके परिवार के कई बिगड़े रिश्ते सुधर गए। बरसों से जो एक दसरे को देखना पसंद नहीं करते थें वो उनके निधन के बाद करीब आए। हम बात कर रहे हैं श्रीदेवी के सौतेले बेटे अर्जुन कपूर की। बात दें कि जिस वक्त श्रीदेवी का निधन हुआ था उस वक्त हर पल अर्जुन अपनी सौतेली बहनों और पिता के साथ खड़े नजर आए। हाल में एक इंटरव्यू में अर्जुन कपूर ने जाह्नवी-खुशी संग बदलते रिश्ते के बारे में बयान दिया है।
इस शख्स की इजाजत के बाद अर्जुन ने किया ये काम:
हाल ही में एक इंटरव्यू में बताया, 'ये सब उन्होंने अपनी मौसी से सलाह-मशवरा लेने के बाद ही किया। क्योंकि कुछ मामलों के लिए मुझे हमेशा ही उनकी सहमति की जरूरत हुई है। मेरी मां के बाद मैं अपनी मौसी से ही हर बात की सलाह लेता हूं। और जाह्नवी और खुशी के साथ रिश्ते बेहतर करने का फैसला काफी बड़ा था। हम हमेशा से चाहते हैं कि हमारे किसी फैसले से मौसी को दुख ना पहुंचे। मुझे जो सही लगा मैंने किया। मैंने और अंशुला ने सोचा कि ये करना सही रहेगा।'
जाह्नवी-खुशी के लिए फिक्रमंद हूं:
अर्जुन ने आगे बताया, 'जितना मैं अंशुला की सलामती चाहता हूं उतना ही मैं जाह्नवी-खुशी के लिए फिक्रमंद हूं। मैं अपने पापा के बहुत करीब हूं, मैं चाहता हूं जाह्नवी-खुशी भी अंशुला की ही तरह हमेशा ठीक रहे।' यही नहीं मैं हमेशा ही अपनी बहनों के करीब रहता हूं। वहीं जाह्नवी-खुशी भी मेरी हर बात को समझती हैं और मानती भी हैं। यही नहीं जितना मैं उन्हें प्यार करता हूं वो भी मुझे उतना ही प्यार और सम्मान देती हैं।
जाह्नवी की पहली फिल्म के लिए खुश:
इंटरव्यू में आगे अर्जुन कहते हैं कि 'धड़क' जाह्नवी की पहली फिल्म है। वह इस फिल्म के साथ ही बॉलीवुड में कदम रखने जा रही है। मैं और मेरा पूरा परिवार उसकी सफलता चाहते हैं।