सुमित मिश्रा के असामयिक निधन ने इंडस्ट्री को झकझोर दिया है।
मायानगरी के बहुमुखी प्रतिभा संपन्न निर्माता, आर्ट डिज़ाइनर, पेंटर और प्रोडक्शन डिज़ाइनर सुमित मिश्रा अब हमारे बीच नहीं रहे। सामने आई जानकारी के मुताबिक, उन्होंने आत्महत्या की है। सुमित मिश्रा मणिकर्णिका फिल्म फेस्टिवल के संस्थापक थे। उनके अचानक निधन से उनके प्रशंसकों और इंडस्ट्री में शोक की लहर दौड़ गई है। सोशल मीडिया पर चर्चाएं तेज हैं कि वे आर्थिक तंगी से जूझ रहे थे
सुमित मिश्रा का मायानगरी तक का सफर बेहद प्रेरणादायक रहा है। लगभग ढाई दशक पहले उन्होंने एक विजुअल आर्टिस्ट के रूप में मुंबई में कदम रखा। अपनी कला के प्रति गहरी निष्ठा ने उन्हें कई प्रतिष्ठित आर्ट एग्ज़िबिशन का हिस्सा बनाया। इसके बाद उन्होंने प्रोडक्शन डिज़ाइनिंग में अपने कौशल का प्रदर्शन किया।
सुमित मिश्रा न केवल कला और डिज़ाइनिंग में माहिर थे, बल्कि साहित्य के प्रति उनके गहरे प्रेम ने उन्हें लेखन की ओर भी प्रेरित किया। उनका मानना था कि एक रचनात्मक विधा दूसरी का विस्तार होती है।
एक मीडिया हाउस के साथ इंटरव्यू में कहा था, "मल्टी-टास्कर होना मुझे बेहद पसंद है। मैं इसे एंजॉय करता हूं। एक चीज़ के कारण दूसरी को छोड़ देना मेरे स्वभाव में नहीं है।" उनकी यह सोच उनकी विविध प्रतिभाओं और कार्यक्षेत्रों में झलकती थी।
सुमित मिश्रा के असामयिक निधन ने इंडस्ट्री को झकझोर दिया है। उनकी बहुमुखी प्रतिभा और सृजनशीलता ने उन्हें एक अलग पहचान दिलाई थी। उनके निधन से यह सवाल भी उठ रहे हैं कि क्या कलाकारों को अपने संघर्ष के दिनों में पर्याप्त समर्थन मिल पाता है।