क्षेत्र के प्रमुख प्राकृतिक एवं धार्मिक पर्यटक स्थल भीमलत महादेव को जोड़ने वाली सड़क पूरी तरह उखड़ चुकी है। सड़क की खस्ताहाल स्थिति को देखते हुए यहां जाने से देशी-विदेशी पर्यटक मुंह मोड़ने लगे है।
गुढ़ानाथावतान. क्षेत्र के प्रमुख प्राकृतिक एवं धार्मिक पर्यटक स्थल भीमलत महादेव को जोड़ने वाली सड़क पूरी तरह उखड़ चुकी है। सड़क की खस्ताहाल स्थिति को देखते हुए यहां जाने से देशी-विदेशी पर्यटक मुंह मोड़ने लगे है। जानकारी के अनुसार करीब दो दशक पूर्व 2004 में बूंदी-भीलवाड़ा राज्यमार्ग 29 से भीमलत महादेव तक 4 किलोमीटर पक्की सड़क का निर्माण कार्य हुआ था।
20 साल में एक बार भी इस संपर्क सड़क की मरम्मत नहीं हुई। जिससे यह पूरी तरह टूट चुकी है तथा जगह-जगह बड़े बड़े गड्ढे हो गए है। जहां एक ओर प्रशासन पर्यटकों को बूंदी में आकर्षित करने के लिए कई कार्यक्रम चला रहा है वहीं दूसरी तरफ भीमलत जैसा प्रसिद्ध पर्यटक स्थल सुविधाओं से मोहताज हो रहा। यहां हाल ही में वन विभाग ने 2 करोड़ की लागत से लव कुश वाटिका का निर्माण किया है, लेकिन यहां कोई पर्यटक नहीं आ रहा है।
वन विभाग की इस क्षेत्र में जल्दी ही टाइगर सफारी शुरू करने की योजना है लेकिन रास्ते सही किए बिना यह संभव नहीं है। इस संबंध में भीमलत विकास समिती अध्यक्ष सत्यनारायण गुर्जर, पं.समित सदस्य करण सिंह, पूर्व सचिव कैलाश पांचाल ने बूंदी विधायक हरीमोहन शर्मा से मिलकर भीमलत में आने वाले पर्यटकों के लिए संपर्क सड़क को दुबारा डामरीकरण कराने की मांग की है। उन्होंने भीमलत स्थल पर पर्यटकों की पेयजल व्यवस्था के लिए नलकूप व पानी की टंकी बनवाने का भी अनुरोध किया है।