
बूंदी. भ्रूण परीक्षण व अनाधिकृत रूप से गर्भ समापन करवाने वाली कोटा की महिला दलाल को सोमवार को राज्य पीसीपीएनडीटी प्रकोष्ठ ने डिकॉय ऑपरेशन कर कोटा विज्ञान नगर स्थित एक सोनोग्राफी सेंटर से गिरफ्तार किया।टीम ने महिला दलाल के पास से 24 हजार रुपए बरामद कर किए। बाद में पूछताछ के लिए उसे बूंदी सर्किट हाउस लाए।
प्राप्त जानकारी के अनुसार पीसीपीएनडीटी प्रकोष्ठ जयपुर को कोटा के वार्ड 42 इंद्राकॉलोनी कच्ची बस्ती विज्ञान नगर निवासी शांतिरानी (50) गर्भवती महिलाओं के गर्भस्थ शिशु की ***** जांच करवाकर गर्भ समापन करने की सूचना मिली थी।
शिकायत की पुष्टि होने के बाद डिकॉय महिला व सहयोगी महिला को बोगस ग्राहक बनाकर सुबह दलाल शांतिरानी के पास घर भेजा। जहां भ्रूण ***** जांच के लिए 25 हजार रुपए में सौदा तय हुआ।इसके बाद वह दोनों महिलाओं को लेकर कोटा विज्ञान नगर सायन सोनोग्राफी एंड डायग्नोस्टिक सेंटर पर पहुंची।जहां पर सामान्य सोनोग्राफी जांच के छह सौ रुपए देकर फीटल वेल बिंग की सोनोग्राफी करवाई। इसके बाद गर्भवती महिला को सोनोग्राफी सेंटर के बाहर लेकर आई। इसके बाद स्वयं ने मनगढंत कहा कि ‘मैं डॉक्टर से पूछकर आपको जांच का नतीजा बताती हूं।’ कुछ समय बाद महिला दलाल सेंटर के गेट तक जाकर लौट आई। उसने गर्भवती व सहयोगी महिला को बताया कि डॉक्टर ने सोनोग्राफी जांच में गर्भ में लडक़ी बताया है।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पीबीआई रघुवीर सिंह के नेतृत्व में गठित टीम को इशारा मिलते ही उन्होंने दलाल शांति को गिरफ्तार कर लिया। उसके पास से घर पर दिए 24 हजार रुपए बरामद कर लिए। डिकॉय कार्रवाई में सीआई सीताराम, हेड कानिस्टेबल डालचंद, लालूराम, बूंदी जिला पीसीपीएनडीटी प्रभारी राजीव लोचन गौतम, झालावाड़ के प्रभुलाल ऐरवाल, बारां के दीपक जैन व कोटा की प्रमोद कंवर शामिल थे।
एक्टिव ट्रेकर से करेंगे जांच
पीसीपीएनडीटी टीम कोटा विज्ञान नगर की सायन सोनोग्राफी सेंटर की भूमिका की भी जांच कर रही है। टीम सेंटर पर लगे एक्टिव ट्रेकर के माध्यम से इसकी लिप्तता की जांच करेगी। इसके अलावा चिकित्सक की भूमिका की भी जांच की जाएगी।