Top Gainers and Losers: भारतीय शेयर बाजार आज लगातार चौथे कारोबारी सत्र में गिरावट के साथ बंद हुआ है। स्मॉल कैप और मिड कैप शेयरों में आज अधिक दबाव देखने को मिला।
Top Gainers and Losers: भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार को भारी बिकवाली हुई। निवेशकों को डर सता रहा है कि अगर कच्चे तेल की कीमतों में तेजी लंबे समय तक बनी रही, तो इसका सीधा असर देश की अर्थव्यवस्था पर पड़ेगा। वहीं, ईरान युद्ध को खत्म करने को लेकर चल रही कमजोर बातचीत ने भी बाजार का मूड खराब कर दिया है। टेक शेयरों में दोबारा भारी बिकवाली देखने को मिली है। इसके अलावा भारतीय रुपया भी डॉलर के मुकाबले नए रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंच गया है, जिससे बाजार पर दबाव और बढ़ गया। इन सब वजहों से सेंसेक्स और निफ्टी पिछले दो महीनों की सबसे बड़ी इंट्राडे गिरावट तक पहुंच गए और कई अहम स्तर टूट गए।
लगातार चौथे कारोबारी सत्र में बाजार पर मंदड़ियों का दबदबा बना रहा। निफ्टी 50 करीब 1.83 फीसदी टूटकर 24,000 के अहम स्तर के नीचे फिसल गया और 23,379 पर बंद हुआ। यह पिछले एक महीने से ज्यादा समय की सबसे बड़ी इंट्राडे गिरावट रही। वहीं, एसएंडपी बीएसई सेंसेक्स भी करीब 2 फीसदी लुढ़ककर 74,559 के स्तर पर बंद हुआ।
स्मॉल और मिडकैप शेयरों में तो और भी ज्यादा दबाव देखने को मिला। निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 3.12 फीसदी टूट गया, जबकि निफ्टी मिडकैप 100 में 2.51 फीसदी की तेज गिरावट दर्ज हुई। सभी सेक्टोरल इंडेक्स लाल निशान में बंद हुए। सबसे ज्यादा गिरावट निफ्टी रियल्टी इंडेक्स में रही, जो 4 फीसदी टूट गया। इसके बाद निफ्टी आईटी और निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स इंडेक्स में क्रमशः 3.75 फीसदी और 3.59 फीसदी की गिरावट आई।
बाजार में बिकवाली का दबाव लगभग हर सेक्टर में देखने को मिला, लेकिन सबसे ज्यादा मार टेक, ईवी, ज्वेलरी और रियल एस्टेट शेयरों पर पड़ी। बड़े और मझोले आईटी शेयरों में बिकवाली तब और तेज हो गई, जब ओपनएआई ने 4 अरब डॉलर से ज्यादा निवेश वाली नई कंपनी लॉन्च करने का ऐलान किया। इस कंपनी का मकसद संस्थानों को एआई सॉल्यूशंस बनाने और लागू करने में मदद करना है। इस खबर के बाद निवेशकों ने कई टेक शेयरों में मुनाफावसूली शुरू कर दी।
सोनाटा सॉफ्टवेयर का शेयर करीब 9 फीसदी टूट गया। नेटवेब टेक्नोलॉजीज में 6.5 फीसदी, बिरलासॉफ्ट में 6.4 फीसदी और फर्स्टसोर्स सॉल्यूशंस में 4.55 फीसदी की गिरावट दर्ज हुई। बड़े आईटी शेयरों की बात करें तो टेक महिंद्रा, एचसीएल, टीसीएस, विप्रो और इन्फोसिस के शेयर 3.1 फीसदी से 4.4 फीसदी तक टूट गए।
हाल के दिनों में तेजी दिखा रहे ईवी शेयरों में भी जोरदार गिरावट आई। ओलेक्ट्रा ग्रीनटेक 7.3 फीसदी टूट गया। वहीं, Ola Electric Mobility में 5 फीसदी और Ather Energy के शेयर में 4.6 फीसदी की कमजोरी दर्ज हुई।
ज्वेलरी कंपनियों के शेयरों में भी बिकवाली जारी रही। कल्याण ज्वैलर्स का शेयर 6 फीसदी टूटकर 361.80 रुपये पर आ गया। वहीं, टाइटन कंपनी में 3.5 फीसदी की गिरावट दर्ज हुई।
रियल एस्टेट सेक्टर का हाल भी खराब रहा। अनंत राज, लोढ़ा डेवलपर्स, गोदरेज प्रॉपर्टीज, फीनिक्स मिल्स, आदित्य बिड़ला रियल एस्टेट और ब्रिगेड एंटरप्राइजेज जैसे शेयर 4 फीसदी से ज्यादा टूटकर बंद हुए।
पूरे बाजार में भारी गिरावट के बावजूद कुछ शेयरों ने मजबूती दिखाई। Oil India के शेयर में 7.7 फीसदी और ONGC में 4.8 फीसदी की तेजी आई। ब्रोकरेज फर्म CLSA ने कहा कि सरकार की तरफ से कच्चे तेल और गैस उत्पादन पर रॉयल्टी में कटौती दोनों कंपनियों के लिए बड़ा सकारात्मक कदम है। इसी वजह से निवेशकों की खरीदारी बढ़ी। वहीं, परादीप फॉस्फेट्स का शेयर 4.4 फीसदी चढ़कर 127.6 रुपये पर बंद हुआ। इसके अलावा बायोकॉन, ब्रेनबीज सॉल्यूशंस, अफकॉन्स इंफ्रास्ट्रक्चर, वेदांता, हिंदुस्तान जिंक, गोदरेज कंज्यूमर प्रोडक्ट्स और एंथम बायोसाइंसेज जैसे शेयर 2 फीसदी से ज्यादा बढ़त के साथ बंद हुए।