
नई दिल्ली। कोरोना महामारी की दूसरी लहर ने देश की अर्थव्यवस्था ( Indian Economy ) को बुरी तरह प्रभावित किया। ऐसे में भारतीय निर्यात ( Indian Export) जुलाई में रिकॉर्ड 35.2 बिलियन डॉलर तक पहुंचना बड़ी राहत की बात है। मासिक निर्यात के लिहाज से यह अब तक का रिकॉर्ड निर्यात है। अगर इसकी तुलना जुलाई 2020 से करें तो जुलाई 2021 के निर्यात में 47.91 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है। जुलाई 2020 में 23.78 बिलियन डॉलर और जुलाई 2019 में 26.23 बिलियन डॉलर का निर्यात हुआ था।
केंद्रीय वाणिज्य मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक जुलाई 2021 में व्यापारिक आयात भी बढ़कर 46.4 बिलियन डॉलर रहा। यानि व्यापार घाटा जुलाई में बढ़कर 11.2 बिलियन डॉलर हो गया।
लगातार 5वें माह में निर्यात 30 बिलियन डॉलर से ज्यादा
ताजा आंकडों के मुताबिक पांच कमोडिटी उत्पादों ने जुलाई 2021 के दौरान वृद्धि दर्ज की। इन कमोडिटी उत्पादों में पेट्रोलियम उत्पाद ( 215.68 प्रतिशत), रत्न और आभूषण (130.44 प्रतिशत), अन्य अनाज (70.25 प्रतिशत), मानव निर्मित यार्न और कपड़े (58.67 प्रतिशत) और सूती धागे और कपड़े (48.02 प्रतिशत) शामिल हैं। जुलाई में लगातार पांचवें महीने निर्यात 30 अरब डॉलर से ऊपर रहा। जबकि मार्च में इससे पहले 34.5 अरब डॉलर का निर्यात हुआ था।
पेट्रोलियम और कच्चे तेल उत्पादों का आयात सबसे ज्यादा
जुलाई में 2021 तिलहन, चावल, मांस, डेयरी और पॉल्ट्री उत्पादों के निर्यात में गिरावट आई है। वाणिज्य मंत्रालय की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक जुलाई में पेट्रोलियम, कच्चे तेल और उत्पादों का आयात 97 प्रतिशत बढ़कर 6.35 अरब डॉलर पर पहुंच गया। सोने का आयात 135.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ 2.42 अरब डॉलर पर पहुंच गया। इसी तरह मोती, बहुमूल्य और अर्द्धबहुमूल्य रत्नों का आयात 1.68 अरब डॉलर रहा। इस दौरान परिवहन उपकरणों, परियोजना सामान तथा चांदी के आयात में गिरावट आई है।