गुड फ्राइडे 2026 के अवसर पर BSE, NSE और MCX सहित सभी प्रमुख भारतीय बाजार बंद हैं। ट्रेडिंग सोमवार से फिर शुरू होगी, जबकि वैश्विक संकेत निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण रहेंगे।
भारतीय शेयर बाजार गुरुवार को शुरुआती कारोबारी सत्र में भारी गिरावट के बाद मामूली बढ़ते के साथ बंद हुआ। लेकिन शुक्रवार को भारतीय शेयर बाजार छुट्टी मना रहा है। भारत सहित दुनिया भर में गुड फ्राइडे का धार्मिक महत्व है और इस दिन कई वित्तीय बाजारों में अवकाश रहता है। इस हफ्ते में ही निवेशकों को दूसरा मार्केट हॉलिडे देखने को मिला है। आज गुड फ्राइडे के अवसर पर भारतीय शेयर बाजार पूरी तरह बंद हैं और इससे पहले महावीर जयंती के मौके पर मार्केट बंद था।
इसके बाद 14 तारीख को डॉ बाबा साहब अंबेडकर जयंती के चलते भी शेयर बाजार बंद रहने वाला है। मई महीने में भी शेयर बाजार की 2 छुट्टियां आ रही हैं। 1 मई को महाराष्ट्र डे के चलते और 28 मई को बकरी ईद के चलते बाजार बंद रहेंगे। निवेशकों के लिए यह जरूरी है कि वे ट्रेडिंग कैलेंडर को ध्यान में रखते हुए अपनी रणनीति बनाएं।
आज बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज पर इक्विटी, इक्विटी डेरिवेटिव, करेंसी डेरिवेटिव, एनडीएस-आरएसटी और ट्राई पार्टी रेपो सहित सभी सेगमेंट बंद हैं। इसके अलावा कमोडिटी डेरिवेटिव और इलेक्ट्रॉनिक गोल्ड रिसीट्स सेगमेंट में भी कोई कारोबार नहीं हो रहा है। यह अप्रैल महीने का पहला और इस सप्ताह का दूसरा बाजार अवकाश है। इससे पहले 31 मार्च को महावीर जयंती के अवसर पर भी बाजार बंद रहा था।
देश के प्रमुख कमोडिटी एक्सचेंज मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) में भी आज सुबह और शाम दोनों सत्रों में ट्रेडिंग बंद है। इसका मतलब है कि सोना, चांदी, कच्चा तेल, तांबा और अन्य धातुओं के फ्यूचर्स कॉन्ट्रैक्ट्स में कोई लेनदेन नहीं हो रहा है।
कमोडिटी ट्रेडर्स के लिए यह महत्वपूर्ण दिन है क्योंकि वे वैश्विक संकेतों के बावजूद घरेलू बाजार में प्रतिक्रिया नहीं दे सकते। हालांकि अंतरराष्ट्रीय बाजारों में गतिविधियां सीमित रहने के कारण उतार-चढ़ाव भी कम रहने की संभावना है।
गुड फ्राइडे के कारण अमेरिका, यूरोप और एशिया के कई प्रमुख बाजार भी बंद हैं। हालांकि कुछ एशियाई बाजारों में पहले सत्र में तेजी देखने को मिली, जिसमें जापान और दक्षिण कोरिया प्रमुख रहे। जापान का निक्केई 225, 1.27 फीसदी बढ़ा, और टॉपिक्स 0.97 फीसदी ऊपर चढ़ा। दक्षिण कोरिया का कोस्पी इस क्षेत्र में सबसे अधिक लाभ दर्ज करते हुए 3.23 फीसदी बढ़ा, जबकि कोस्डैक 1.45 फीसदी की तेजी से बढ़ा। वैश्विक स्तर पर निवेशकों की नजर मिडिल ईस्ट की स्थिति और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के संभावित खुलने पर बनी हुई है, जिससे बाजार सेंटिमेंट को सपोर्ट मिला है।
वॉल स्ट्रीट में पिछले सत्र में हल्की तेजी देखी गई, जहां टेक शेयरों ने बाजार को सहारा दिया। आने वाले सप्ताह में वैश्विक संकेत भारतीय बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे।