छतरपुर शहर का विस्तार और बढ़ती नागरिक सुविधाओं के कारण जमीन की मांग में यह उछाल आया है। विशेषकर मार्च के महीने में पंजीयन कार्यालय में भारी भीड़ देखी गई, जहां रोजाना औसतन 20 से 35 रजिस्ट्रियां संपन्न हुईं।
बुंदेलखंड के हृदय स्थल छतरपुर में जमीन और संपत्तियों की खरीदारी ने इस साल पिछले सभी रिकॉर्ड ध्वस्त कर दिए हैं। जिले के पंजीयन विभाग से प्राप्त ताजा आंकड़े गवाही दे रहे हैं कि छतरपुर अब निवेशकों की पहली पसंद बनकर उभर रहा है। वित्तीय वर्ष 2025-26 के समापन पर यह स्पष्ट हो गया है कि जिले में प्रॉपर्टी बाजार की चमक न केवल बरकरार है, बल्कि इसमें अभूतपूर्व तेजी आई है। इस साल जिले में 20 हजार से अधिक रजिस्ट्रियां दर्ज की गई हैं, जिसमें महिलाओं की भागीदारी ने नया इतिहास रच दिया है।
पंजीयन कार्यालय के आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, वित्तीय वर्ष 2025-26 में कुल 20237 रजिस्ट्रियां की गई हैं। यह संख्या पिछले वित्तीय वर्ष 2024-25 (19135 रजिस्ट्रियां) की तुलना में 1102 अधिक है। जानकारों का मानना है कि छतरपुर शहर का विस्तार और बढ़ती नागरिक सुविधाओं के कारण जमीन की मांग में यह उछाल आया है। विशेषकर मार्च के महीने में पंजीयन कार्यालय में भारी भीड़ देखी गई, जहां रोजाना औसतन 20 से 35 रजिस्ट्रियां संपन्न हुईं।
इस साल की सबसे बड़ी और सुखद खबर महिला निवेश को लेकर है। रजिस्ट्री कराने वालों में महिलाओं की संख्या में रिकॉर्ड बढ़त देखी गई है।
40% हिस्सेदारी: कुल रजिस्ट्रियों में से लगभग 8000 रजिस्ट्रियां अकेले महिलाओं के नाम पर हुई हैं।
बड़ी छलांग: पिछले वर्ष महिलाओं के नाम निवेश का आंकड़ा महज 3032 था, जो इस बार बढ़कर ढाई गुना से भी ज्यादा हो गया है।
इसका मुख्य कारण शासन द्वारा महिलाओं को स्टाम्प ड्यूटी में दी जाने वाली विशेष छूट और परिवार में महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण के प्रति बढ़ती जागरूकता है।
प्रॉपर्टी बाजार के बदलते मिजाज को देखें तो अब लोग खेती की जमीन के बजाय रिहायशी इलाकों में प्लॉट खरीदने को प्राथमिकता दे रहे हैं।
55% निवेश प्लॉटों में: आकंड़ो के अनुसार 55 प्रतिशत से अधिक निवेश आवासीय भूमि और मकानों के लिए हुआ है।
बाहरी निवेशकों का रुझान
छतरपुर की भौगोलिक स्थिति और खजुराहो जैसे विश्व प्रसिद्ध पर्यटन स्थलों की नजदीकी के कारण भोपाल, इंदौर और उत्तर प्रदेश के झांसी-बांदा जैसे शहरों के लोग भी यहां निवेश कर रहे हैं।
छतरपुर जिले में विकास की रफ्तार और भविष्य में बढ़ती व्यापारिक संभावनाओं ने बाहरी खरीदारों को आकर्षित किया है। रेल कनेक्टिविटी में सुधार और एक्सप्रेस-वे जैसी योजनाओं के चलते निवेशकों को लगता है कि यहां किया गया निवेश आने वाले समय में बड़ा मुनाफा देगा।
वित्तीय वर्ष 2025-26 जिले के लिए काफी उत्साहजनक रहा। कुल 20237 रजिस्ट्रियां होना इस बात का प्रमाण है कि छतरपुर में प्रॉपर्टी को लेकर लोगों का भरोसा बढ़ा है। विशेषकर महिलाओं के नाम पर हो रही रजिस्ट्रियां शासन की योजनाओं की सफलता को दर्शाती हैं। हमने मार्च के अंतिम दिनों में भी सुचारू रूप से कार्य कर सभी पंजीयन पूरे किए हैं।
संजय कुमार, कर्मचारी, पंजीयन कार्यालय, छतरपुर