Chittorgarh Housing Scheme: चित्तौडगढ़ शहर के करीब ओछड़ी में मुख्यमंत्री जन आवास योजना के तहत अपने घर का इंतजार कर रहे परिवारों के लिए खुशखबरी है, तो वहीं लापरवाही बरतने वालों के लिए यह बड़ा झटका है।
Chittorgarh Housing Scheme : चित्तौडगढ़। शहर के करीब ओछड़ी में मुख्यमंत्री जन आवास योजना के तहत अपने घर का इंतजार कर रहे परिवारों के लिए खुशखबरी है, तो वहीं लापरवाही बरतने वालों के लिए यह बड़ा झटका है। नगर विकास न्यास (यूआईटी) द्वारा योजना के तहत निर्माण कार्य पूर्ण कर पजेशन देने की प्रक्रिया जारी है। मुख्य बात यह है कि जिन लोगों ने फ्लैट की राशि जमा नहीं कराई है, उन 105 डिफॉल्टर्स के आवंटन निरस्त कर दिए गए हैं।
अब ये आवास 'पहले आओ-पहले पाओ' की तर्ज पर आवंटित किए जा रहे हैं। यूआईटी ने एलआईजी और ईडब्ल्यूएस के 432 फ्लैट बनाए थे। इनका आवंटन लॉटरी के माध्यम से किया गया था। जिन लोगों ने आवंटन के बाद राशि जमा करा दी, उन्हें यूआईटी ने पजेशन दे दिया है। लेकिन जिन्होंने राशि जमा नहीं कराई अथवा जो डिफॉल्टर निकले, उनका आवंटन रद्द कर दिया गया है।
योजना के तहत 2019 में निर्माण कार्य प्रारंभ हुआ और वर्ष 2024 में निर्माण कार्य पूर्ण हो गया था। इसके बाद 2025 की शुरुआत से ही पजेशन देने का सिलसिला शुरू हुआ। ओछड़ी में 240 ईडब्ल्यूएस और 192 एलआईजी श्रेणी के फ्लैट्स का निर्माण किया गया है। इनमें से करीब 212 आवंटियों ने पजेशन ले लिया है।
यूआईटी ने उन आवंटियों के खिलाफ कड़ा कदम उठाया है, जिन्होंने बार-बार नोटिस के बावजूद बकाया राशि जमा नहीं कराई। भुगतान में कोताही बरतने के चलते 70 एलआईजी और 35 ईडब्ल्यूएस फ्लैट्स का आवंटन तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया गया है। अब जो लोग पहले आवास पाने से चूक गए थे, उनके लिए अब नया अवसर है। निरस्त किए गए इन 105 फ्लैट्स को यूआईटी अब 'पहले आओ, पहले पाओ' की तर्ज पर आवंटित कर रही है।
योजना के तहत बिजली, पानी और सडक़ आदि की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। स्थिति यह है कि वर्तमान में महज 50 के करीब फ्लैट्स में ही लोग रह रहे हैं, जिनमें से अधिकांश किराएदार हैं। बाकी फ्लैट्स में ताले लटके होने के कारण वे रखरखाव के अभाव में खराब हो रहे हैं।
नियमित साफ-सफाई का अभाव
रात-दिन जलती रहती है लाइटें
पार्क को अच्छी तरह डवल्प करें
योजना तक पहुंचने के लिए सडक़ की दरकार
योजना का करेंगे प्रचार-प्रसार
मुख्यमंत्री जन आवास योजना के तहत जो फ्लैट रिक्त रह गए हैं, उन्हें 'पहले आओ-पहले पाओ' की तर्ज पर आवंटित किया जाएगा। इसके लिए प्रचार-प्रसार कर शेष फ्लैट्स को आवंटित करने के प्रयास किए जाएंगे।"
-कैलाश गुर्जर, सचिव नगर विकास न्यास, चित्तौडगढ़