इस प्लेयर पर अमीरात क्रिकेट बोर्ड की भ्रष्टाचार रोधी नियम के उल्लंघन का आरोप लगा है। इस बात की जानकारी आइसीसी ने एक बयान जारी कर दी।
दुबई : एक तरफ श्रीलंकाई क्रिकेट में उथल-पुथल जारी है तो वहीं हाल फिलहाल में कई प्लेयर्स पर भ्रष्टाचार के आरोप भी लगे हैं। वहां पर राजनीतिक गतिरोध भी बना हुआ है। हाल ही में श्रीलंका के बॉलिंग कोच और पूर्व तेज गेंदबाज नुआन जोयसा को मैच फिक्सिंग के आरोप में उनके पद से सस्पेंड कर दिया गया है तो पूर्व सलामी बल्लेबाज सनथ जयसूर्या पर भी ऐसे ही आरोप लगे हैं। अब इस शृंखला में एक और नाम 38 वर्षीय पूर्व तेज गेंदबाज दिलहारा लोकुहेतीगे का नाम जुड़ गय है। मंगलवार को उन पर अमीरात क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) की भ्रष्टाचार रोधी नियम के उल्लंघन का आरोप लगाया है। इस बात की जानकारी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आइसीसी) ने एक बयान जारी कर दी। आइसीसी ने ईसीबी के हवाले से बताया है कि लोकुहेतीगे पर तीन नियमों के उल्लंघन का आरोप है।
पिछले साल के हैं आरोप
बता दें कि ईसीबी की ओर से लगाए गए यह आरोप पिछले साल संयुक्त अरब अमीरात में खेली गई टी-10 क्रिकेट लीग से जुड़ा है। इस वजह से इस श्रीलंकाई खिलाड़ी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। ईसीबी ने आइसीसी को अपना भ्रष्टाचार रोधी अधिकारी नियुक्त किया था, जो ईसीबी की तरफ से भ्रष्टाचार संबंधित मामलों पर नजर रखेगा।
जवाब देने के लिए 14 दिन का समय
इस श्रीलंकाई खिलाड़ी पर घरेलू मैच का नतीजा प्रभावित करने, मैच फिक्स करने, मैच प्रक्रिया को प्रभावित करने तथा प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष तरीके से खिलाड़ी को अनुच्छेद 2.1.1 का उल्लंघन करने और नियुक्त किए गए भ्रष्टाचार रोधी अधिकारी का जांच में समर्थन न करने का आरोप लगा है। आइसीसी ने लोकुहेतीगे को अपने ऊपर लगे आरोपों की सफाई देने के लिए 13 नवंबर से 14 दिनों का समय दिया गया है।
भारत के खिलाफ किया था आगाज
बता दें लोकुहेतीगे 2005 में अपने अंतरराष्ट्रीय करियर का आगाज किया था। संयोग से उन्होंने अपना पहला अंतरराष्ट्रीय मैच भारत के खिलाफ खेला था। श्रीलंका के दाम्बुला मैदान पर खेले गए अपने पहले वनडे में उन्होंने पहल विकेट के रूप में महेंद्र सिंह धोनी का विकेट बोल्ड कर लिया था। हालांकि उनका अंतरराष्ट्रीय करियर लंबा नहीं चला। टेस्ट में मौका नहीं मिला तो सिर्फ 9 वनडे में खेलने का अवसर प्राप्त हुआ। इन व वनडे में उनके हाथ मात्र 6 विकेट लगे, जबकि उनके हिस्से आए सिर्फ 2 अंतरराष्ट्रीय टी-20 मैच में 2 विकेट मिले।