
India vs England 2nd T20: जिस पल का दुनिया बेसब्री से इंतजार कर रही थी, उसका इंतजार आखिरकार शनिवार की रात खत्म हुआ, जब वैभव सूर्यवंशी भारत की प्लेइंग इलेवन में शामिल हुए। इस मुकाबले में टीम इंडिया ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया। अभिषेक शर्मा और वैभव सूर्यवंशी ने पारी की शुरुआत की, जबकि संजू सैमसन को इस मुकाबले से बाहर रखा गया। दोनों ने ताबड़तोड़ बल्लेबाजी करते हुए सिर्फ 4.4 ओवर में ही टीम इंडिया का स्कोर 50 रन तक पहुंचा दिया। लेकिन इसी ओवर में वैभव सूर्यवंशी ने एक गलती कर दी और पवेलियन लौट गए।
बिना फुटवर्क के इस्तेमाल के लंबे-लंबे शॉट लगाने में माहिर वैभव सूर्यवंशी ने इस बार विल जैक्स के खिलाफ आगे निकलकर ऑफ स्टंप के बाहर जाती गेंद को खेलने की कोशिश की, लेकिन वह पूरी तरह चूक गए। इसके बाद जोस बटलर ने उन्हें स्टंपिंग करते हुए 14 रन के निजी स्कोर पर पवेलियन भेज दिया।
हालांकि, अभिषेक शर्मा और ईशान किशन की 40+ रनों की पारियों और फिर तिलक वर्मा के महत्वपूर्ण योगदान की बदौलत भारतीय टीम 20 ओवर में 7 विकेट खोकर 190 रन तक पहुंचने में सफल रही।
191 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की टीम ने 6 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। इंग्लैंड के लिए जैकब बेथेल ने 76 रनों की नाबाद पारी खेली। भारतीय टीम की शुरुआत गेंदबाजी में अच्छी रही और उसने इंग्लैंड के दो बल्लेबाजों को पहले ही ओवर में पवेलियन भेज दिया था। कप्तान हैरी ब्रूक भी पांचवें ओवर में आउट हो गए। उस समय ऐसा लग रहा था कि भारतीय टीम आसानी से मुकाबला जीत लेगी, लेकिन इसके बाद जैकब बेथेल ने टॉम बैंटन, विल जैक्स और अंत में जोफ्रा आर्चर के साथ साझेदारियां करते हुए इंग्लैंड को 19वें ओवर में ही जीत दिला दी।
इस मुकाबले में रवि बिश्नोई सबसे महंगे गेंदबाज साबित हुए। उन्होंने चार ओवर में 60 रन लुटाए। वहीं अक्षर पटेल के लिए यह ऐतिहासिक मैच रहा। उन्होंने टी20 इंटरनेशनल में 100 विकेट पूरे किए और ऐसा करने वाले वह भारत के चौथे गेंदबाज बन गए। इसके अलावा वरुण चक्रवर्ती ने भी चार ओवर में 37 रन देकर एक विकेट लिया, लेकिन रवि बिश्नोई की महंगी गेंदबाजी भारतीय टीम पर भारी पड़ी और टीम इंडिया को दूसरे मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा।
14 साल 227 दिन- हसन रज़ा (पाकिस्तान) बनाम जिम्बाब्वे, फ़ैसलाबाद, 1996
15 साल 99 दिन - वैभव सूर्यवंशी (भारत) बनाम इंग्लैंड, मैनचेस्टर, 2026*
15 साल 116 दिन - मोहम्मद शरीफ़ (बांग्लादेश) बनाम जिम्बाब्वे, हरारे, 2001
15 साल 124 दिन - मुश्ताक मोहम्मद (पाकिस्तान) बनाम वेस्टइंडीज, लाहौर, 1959
16 साल 127 दिन - आकिब जावेद (पाकिस्तान) बनाम वेस्टइंडीज, एडिलेड, 1988
16 साल 205 दिन - सचिन तेंदुलकर (भारत) बनाम पाकिस्तान, कराची, 1989