कोयले की खदान धंसने से दो मजदूरों की मौत हो गई है। यह दुर्घटना बोल्डर के टकराने की वजह से हुआ।
शिलॉन्ग। भारत के पूर्वोत्तर राज्य मेघालय से एक बार फिर से खदान में मजदूरों के फंसने की खबर है। खबरों के मुताबिक, कोयले की खदान धंसने से दो मजदूरों की मौत हो गई है। यह दुर्घटना बोल्डर के टकराने की वजह से हुई। जब यह हादसा हुआ उस वक्त खदान में 15 मजदूर काम कर रहे थे। इस हादसे में बाकी मजदूरों को निकाल लिया गया है। एक व्यक्ति के लापता होने की भी खबर है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। जिस खदान में यह हादसा हुआ उसे अवैध बताया जा रहा है।
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पुलिस ने जानकारी देते हुए बताया कि, पूर्व जयंतिया में मूकनोर के जलियाह गांव में बोल्डर आपस में टकरा गए थे, इसके बाद खदान धंसनी शुरू हो गई। खदान धंसने की वजह से कई मजदूर खदान में फंस गए। जिसमें दो मजदूरों मौत हो गई। इस हादसे का खुलासा, एक शख्स की तलाश के दौरान हुआ। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, जिला पुलिस प्रमुख सिलवेस्टर नोंगटनर ने बताया कि एक शख्स ने अपने भतीजे की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। गुम हुए व्यक्ति की तलाश की गई। लेकिन लापता युवक का शव कोयला खदान के सामने मिला। खदान के अंदर तलाशी अभियान चलाया गया तो दूसरा शव भी मिला। मृतकों की पहचान एलाद बरह और मोनोज बसुमतरी के रूप में हुई है। फिलहाल इस अवैध खदान के मालिक का पता लगाने की कोशिश की जा रही है।
तलाशी अभियान जारी
उधर घालय के पूर्वी जयंती पर्वतीय जिले के एक कोयला खदान में फंसे 15 मजदूरों को निकालने के बचाव और राहत कार्य किया जा रहा है। शनिवार को उच्च क्षमता वाले दो पंपों ने मुख्य शाफ्ट से पानी निकालने का काम शुरू कर दिया। दोनों पंपों ने पानी का स्तर चार फीट कम कर दिया था, लेकिन दूसरे शाफ्ट से पानी भरता चला गया। जिस कारण सिर्फ दो फीट ही पानी कम हो सका। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, दोनों शाफ्ट से 1215000 लीटर पानी निकाला जा चुका है।