स्पेशल विजिलेंस की टीम ने मुजफ्फरपुर के एसएसपी विवेक कुमार के सरकारी आवास पर रेड मारी। उन पर आय से अधिक संपत्ति होने के आरोप लगे हैं।
मुजफ्फरपुर। नोटबंदी के 16 महीने बीत जाने के बाद अभी भी देश में पुरानी करेंसी मिलने का सिलसिला जारी है। सोमवार को स्पेशल विजिलेंस की टीम के उस वक्त होश उड़ गए, जब बिहार में एक एसएसपी के घर में पुराने नोट मिले। मामला मुजफ्फरपुर जिले का है, जहां के एसएसपी विवेक कुमार के सरकारी आवास से करीब 45 हजार रुपए के पुराने नोट बरामद किए गए हैं। स्पेशल विजिलेंस की टीम ने ये छापेमारी सोमवार देर रात साढ़े 11 बजे के करीब की।
आय से अधिक संपत्ति के आरोपों से घिरे हैं SSP विवेक कुमार
स्पेशल विजिलेंस की टीम एसएसपी विवेक कुमार के सरकारी आवास पर रेड मारने गई थी। उनके आवास से अधिकारियों को 45 हजार रुपए के पुराने नोट और कई कीमती दस्तावेज जब्त किए हैं। आपको बता दें कि एसएसपी विवेक कुमार भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरे हुए हैं। उन पर आय से अधिक संपत्ति का आरोप लगा है। इन्हीं आरोपों को लेकर उनके आवास पर छापेमारी हुई।
सरकारी आवास से मिले 45 हजार रुपए के पुराने नोट
विवेक कुमार के आवास और दफ्तर पर सोमवार को चली छापेमारी में पुलिस को 45 हजार रुपए के पुराने नोट के समेत 5.5 लाख रुपए कैश, 6 लाख के जेवरात तथा सास और ससुर के नाम पर करोड़ों रुपए के लेन-देन का पता चला है। सरकारी अफसर के घर से पुरानी करेंसी और इतनी संपत्ति मिलने के बाद प्रशासन महकमे में हड़कंप मच गया है। विवेक कुमार 2007 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं
तीन दर्जन गोरखा जवानों के साथ पहुंच स्पेशल विजिलेंस टीम
जानकारी के मुताबिक, टीम ने सबसे पहले वहां मौजूद सभी सुरक्षाकर्मियो को अलग कर उनके मोबाइल बंद करवा दिए। साथ ही पूरे आवास को अपने सुरक्षा घेरे में लेकर छापेमारी शुरू कर दी। इससे पहले, विशेष निगरानी टीम की इस कार्रवाई की भनक किसी को नहीं लगी। टीम के साथ बीएमपी के लगभग तीन दर्जन गोरखा जवान भी थे। मिनटों में निगरानी की टीम ने पूरे आवास को कब्जे में ले लिया। एसएसपी आवास पर पहले से तैनात जवानों के मोबाइल ले लिए गए तथा उनको अलग बैठा दिया गया।
इन आरोपों से घिरे हैं SSP विवेक कुमार
आपको बता दें कि मुजफ्फरपुर एसएसपी विवेक कुमार के खिलाफ विशेष सतर्कता इकाई को पिछले कुछ वक्त से काफी शिकायतें मिल रहीं थीं कि उनकी सांठगांठ स्थानीय शराब माफिया के साथ है और उनकी आय उनके स्त्रोत से 3 गुना ज्यादा है। मुजफ्फरपुर एसएसपी के काली कमाई का एक और जरिया जांच टीम को पता चला है जिसमें वह थाने की नीलामी किया करते थे और जो थानाध्यक्ष सबसे ज्यादा बोली लगाता था, उसको उसके पसंद का थाना दिया जाता था।
गिरफ्तारी की लटक चुकी है तलवार
मुजफ्फरपुर SSP बनने से पहले विवेक कुमार भागलपुर में SSP के पद पर नियुक्त थे और वहां पर भी उन्होंने काफी भ्रष्टाचार किया और काली कमाई अर्जित की। भागलपुर में SSP रहते हुए उन्होंने अकूत संपत्ति कमाई। विवेक कुमार के खिलाफ विशेष सतर्कता इकाई ने प्रिवेंशन ऑफ करप्शन कानून के तहत प्राथमिकी दर्ज की है, जिसके बाद उनके कई ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। सूत्रों के मुताबिक इस पूरे मामले को लेकर विवेक कुमार की किसी भी वक्त गिरफ्तारी हो सकती है।