
नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर के पुलवामा आतंकी हमले के बाद अलर्ट के बीच आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद की नई साजिश का खुलासा हुआ है। खुफिया सूत्रों के अनुसार जैश कश्मीर में एक बार फिर बड़ी घटना को अंजाम देने के प्रयास में जुटा है। खुफिया एजेंसियों को इनपुट मिला है कि जैश के कई कमांडर स्थानीय आतंकियों को बम बनाने की ट्रेनिंग दे रहे हैं। इनमें मुख्य रूप से 5-6 स्थानीय की जानकारी सामने आई है। ये स्थानीय आतंकियों को बम असेंबल करना सिखा रहे हैं।
खुफिया सूत्रों की मानें तो पाक आतंकी अलीमीर उर्फ मुन्ना बाहरी यह ट्रेनिंग कैंप चला रहा है। इस कैंप में नई वारदात को अंजाम देने के लिए आतंकियों को ट्रेनिंग दी जा रही है। यह खुलासा आतंकियों के बीच हुई बातचीत के इंटरसेप्ट से हुआ है। आपको बता दें कि जैश का कमांडर अलीमीर बम असेंबल करने और आईईडी ब्लास्ट में एक्सपर्ट माना जाता है। जैश इसलिए इस प्लानिंग की जिम्मेदारी अलीमीर को सौंपी है। सूत्रों के अनुसार अलीमीर पाकिस्तानी मूल का आतंकी है। उसने पाकिस्तान के बालाकोट कैंप में ही आतंक की ट्रेनिंग ली थी। जानकारी के अनुसार अलीमीर लंबे समय तक बालाकोट कैंप में रहा और वहां अफगानी आतंकियों से बम असेंबल करने की ट्रेनिंग ली। जैश के इस खुलासे के बाद सुरक्षा एजेंसिया अलर्ट हो गई हैं।
आपको बता दें कि इससे पहले 14 फरवरी को पुलवामा में हुए एक आतंकी हमले में सीआरपीएफ के 40 जवान शहीद हो गए थे। वहीं, इस साल 2019 के तीन महीनों के भीतर यह हाल के समय के सबसे हिंसक दौर में से एक बन गया है। सिर्फ सेना के ही 10 जवान शहीद हो चुके हैं जिनमें पांच की मौत पुलवामा में कार बम हमले से पहले हुई थी।