
ग्वालियर जिले की डबरा सीट पर भाजपा से पूर्व मंत्री इमरती देवी और कांग्रेस से विधायक सुरेश राजे मुकाबले में हैं। समधी-समधन के आमने-सामने होने से मुकाबला काफी रोचक हो गया है। दोनों जीत के बाद डबरा को जिला बनाने का वादा कर वोटर्स को अपने पक्ष में करने की कोशिश कर रहे हैं। 2018 में इमरती कांग्रेस सरकार में मंत्री बनी थीं। बाद में वे सिंधिया के साथ भाजपा में शामिल हो गईं। 2020 में हुए उपचुनाव में उन्हें सुरेश राजे से हार का सामना करना पड़ा।
अस्पताल में आइसीयू, जाम की समस्या, सीवर लाइन प्रोजेक्ट, सड़कों से उड़ती धूल बड़ी समस्या है। उद्योग क्षेत्र बनाने के दावे तो किए गए, लेकिन जमीन आवंटन भी नहीं हो पाया। भोजनालय चलाने वाले कमल सिंह का कहना है कि बस स्टैंड तक पर कोई सुविधा नहीं है। मेरे परिवार में किसी को भी लाड़ली बहना या वृद्धावस्था पेंशन नहीं मिल रही। व्यवसायी राजेन्द्र साहू का कहना है कि पीने का साफ पानी तक उपलब्ध नहीं है।
प्रमुख मुद्दे/वादे
इमरती देवी (बीजेपी)
1. डबरा को जिला बनवाने की पुरजोरकोशिश की जाएगी। इससे क्षेत्र का विकास होगा।
2. गर्ल्स कॉलेज खोलने के साथ अस्पताल में आइसीयू और सीवर प्रोजेक्ट पर काम करना।
3. विपक्ष में होने के कारण सरकार नेक्षेत्र के विकास में अड़ेंगे लगाए।
प्रमुख मुद्दे/वादे
सुरेश राजे (कांग्रेस)
1. डबरा को जिला बनवाने की पुरजोरकोशिश की जाएगी। इससे क्षेत्र का विकास होगा।
2. गर्ल्स कॉलेज खोलने के साथ अस्पताल में आइसीयू और सीवर प्रोजेक्ट पर काम करना।
3. विपक्ष में होने के कारण सरकार नेक्षेत्र के विकास में अड़ेंगे लगाए।