Naxalite Surrender: सरकार की नई सरेंडर पॉलिसी से प्रभावित होकर एक बार 6 माओवादियों ने अपने हथियार पुलिस के सामने डाल दिए हैं। हथियार डालने वालों में 3 माओवादियों पर लाखों का इनाम शासन की ओर से था।
Naxalite Surrender: दंतेवाड़ा जिले में सुरक्षा बलों के बढ़ते दबाव और माओवादी संगठनों के भीतर आंतरिक मदभेद तथा जंगलों में रहने की कठिनाईयों सेे तंग आकर नक्सलवाद की ओर भटके युवा अब समाज के मुख्यधारा में जुड़ने का संकल्प लेकर कुल 04 लाख इनामी में एक महिला माओवादी सहित 06 माओवादियों ने आत्मसमर्पण की इच्छा जाहिर की।
लोन वर्राटू अभियान के तहत 30 अप्रैल को दन्तेवाड़ा के समक्ष डीआरजी कार्यालय दन्तेवाड़ा में आत्मसमर्पण कर दिया। लोन वर्राटू अभियान के तहत जिले में अब तक 229 इनामी सहित कुल 967 माओवादियों ने आत्मसमर्पण कर समाज के मुख्यधारा में जुड़ चुके हैं।
आत्मसमर्पित माओवादियों में कड़ती देवा पिता कड़ती हड़मा -02 लाख रुपए, लक्खे कुहड़ाम पति स्व संजय हेमला-01 लाख रुपए, मिथलेश उर्फ मुद्दा ओयाम पिता स्व कोपा ओयाम -01 लाख रुपए, पगनु वेको पिता स्व कुमा वेको, मसराम राम कड़ती पिता लखमू कड़ती, भीमसेन ओयाम पिता स्व बुधराम ओयाम शामिल हैं।
Naxalite Surrender: आत्मसमर्पण करने वाले सभी नक्सली लंबे वक्त से माओवादी विचारधारा से प्रेरित थे। लंबे वक्त से बस्तर में हिंसक गतिविधियों में शामिल रहे। माओवादियों के सुरक्षित पुनर्वास के लिए शासन की ओर से लोन वर्राटू अभियान चलाया जा रहा है।
अभियान के तहत भटके हुए युवाओं को वापस समाज की मुख्यधारा से जोड़ा जा रहा है। सरेंडर करने वाले 3 माओवादियों पर कुल 4 लाख का इनाम था। आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों में 1 महिला माओवादी भी शामिल है। सभी नक्सली सरकार की नई सरेंडर नीति से काफी प्रभावित हैं।