सायबर अपराधियों ने सिकंदरा क्षेत्र की एक महिला सहित दो जनों के बैंक खातों से 16 बार में करीब 1 लाख 65 हजार 216 रुपए निकाल लिए।
दौसा. जिले में सायबर अपराधों में बढोतरी होती जा रही है। आए दिन लोगों के बैंक खाते व एटीएम से रुपए निकाले जा रहे हैं, लेकिन पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठी है। खास बात यह है कि वारदात का पता लगने पर जब पीडि़त फरियाद लेकर थाने पहुंच रहे हैं तो पुलिस उनका दुखड़ा सुनने की जगह उन्हें ही दोषी ठहराते हुए वापस भेज रही है। इससे पीडि़तों को आर्थिक नुकसान के साथ मानसिक प्रताडऩा भी झेलनी पड़ रही है।
सोमवार को भी सायबर अपराधियों ने सिकंदरा क्षेत्र की एक महिला सहित दो जनों के बैंक खातों से 16 बार में करीब 1 लाख 65 हजार 216 रुपए निकाल लिए। पीडि़तों के पास मैसेज पहुंचने पर उन्हें घटना की जानकारी लगी।
इसके बाद शाम को पीडि़तों ने बैंक पहुंचकर राशि निकाले जाने की जानकारी दी, लेकिन बैंक प्रबंधक कुछ नहीं बता सका। इसके बाद दोनों पीडि़तों ने मंगलवार को कोतवाली थाना पहुंचकर रिपोर्ट दी।
सिकंदरा निवासी पीडि़ता गुड्डी पत्नी खैरातीलाल सैनी ने बताया कि उसका आईसीआईसीआई बैंक में खाता है। सोमवार को वह बैंक खाते में जमा राशि की जानकारी करने गई थी। इसके बाद उसके खाते से लगातार रुपए निकालने के मैसेज आना शुरू हो गया। शाम तक उसके खाते से 9 बार में किसी ने 90 हजार 216 रुपए ऑनलाइन ट्रांसफर कर लिए।
उसने बैंक पहुंचकर प्रबंधन को घटना की जानकारी दी। उस दौरान बैंक कर्मचारियों ने खाते से ऑनलाइन रुपए निकाले जाने की बात कही। इस पर उसने कोतवाली थाना पहुंचकर रिपोर्ट दी है।
इसी प्रकार रेटा निवासी राजू जारवाल ने बताया कि उसका दौसा स्थित एक्सिस बैंक में खाता है। वह सोमवार को बैंक आया था। घर लौटने के बाद उसके खाते से सात बार में 75 हजार रुपए निकाले जाने का मैसेज आया। उसने शाम को बैंक पहुंचकर घटना की जानकारी दी, लेकिन कुछ पता नहीं लगा।
उसने बताया कि कोतवाली थाना पहुंचने पर पुलिसकर्मियों ने रिपोर्ट दर्ज करने की जगह उससे ही पूछताछ शुरू कर दी। उसने पुलिस से आरोपितों को ढूंढने की मांग की है।