
Dewas News :मध्य प्रदेश के देवास जिले के अंतर्गत आने वाले ग्राम चंदाना में जहरीली शराब से हुई मौतों का मामला सामने आने के बाद सोमवार शाम नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंगार ग्राम चंदाना पहुंचे। उन्होंने मृतकों के परिजन से मुलाकात की और कांग्रेस की ओर से 50 हजार रुपए सहायता देने की बात कही। साथ ही अभी तक मृतकों के परिजन को शासन की ओर से सहायता राशि नहीं मिलने पर सवाल उठाए।
इस संबंध में उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव से फोन पर बात कर जानकारी दी। साथ ही प्रशासन के अफसरों के मौके पर मौजूद नहीं होने पर नाराजगी जताई। उन्होंने फोन पर एडीएम शोभाराम सोलंकी से इस संबंध में बात कर नाराजगी जाहिर की।
परिजन से मुलाकात के दौरान नेता प्रतिपक्ष को पता चला कि, अबतक उनके पास किसी भी प्रकार की सरकारी सहायता नहीं पहुंची। इसपर उन्होंने मौके से ही मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को घटना से अवगत कराया। साथ ही, पीड़ित परिवारों को उचित सहायता उपलब्ध कराने के साथ साथ दोषियों के विरुद्ध उचित कार्रवाई करने की मांग की।
इसके बाद उमंग सिंघार ने देवास एडीएम शोभाराम सोलंकी से भी फोन पर बातचीत की। वहीं, अबतक इस मामले में पीड़ित परिवारों को सहायता न मिलने पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने एडीएम सोलंकी से कहा कि, तत्काल इसपर एक्शन लीजिए, जो भी आवश्यक सहायता हो, उसे पीड़ित परिवारों को उपलब्ध कराइये।'
वहीं, मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने पीड़ित परिवारों के हवाले से विनोद जैसवाल नाम के ठेकेदार के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि, पीड़ित परिवार ने उन्हें बताया कि, विनोद जैसवाल बीते कई सालों से गांव में नकली शराब बेचता आ रहा है। मृतकों ने भी उसी से शराब खरीदी थी। उन्होंने कहा कि, अगर किसी जगह शराब बिक रही है तो आबकारी विभाग की अनुमति के बिना नहीं बिक सकती। उन्होंने सागर जिले के बंडा का जिक्र करते हुए कहा कि, देवास में हुई मौतें भी बंडा के समान हैं। बावजूद इसके कलेक्टर इसे सामान्य मौत बता रहे हैं। उन्होंने इसपर नाराजगी व्यक्त की। इसी के साथ आबकारी आयुक्त की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाते हुए उन्होंने मुख्यमंत्री मोहन यादव से इस मामले में उचित कार्रवाई करने की मांग की।
इधर, चंदाना में हुई मौतों के बाद अवैध शराब के कारोबार पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। गांव में लंबे समय से कथित तौर पर डायरी सिस्टम के जरिए शराब बेचने के आरोपों का सामना कर रहे विनोद जायसवाल समेंत 10 आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। कार्रवाई में शराब दुकानों के मैनेजर और सेल्समैन भी पकड़े गए हैं। पुलिस के अनुसार, चंदाना में शराब की दुकान होने के बावजूद दूसरे क्षेत्रों की दुकानों से शराब लाकर यहां और आसपास के इलाकों में खपाई जा रही थी। आरोपियों के कब्जे से 54 लीटर देशी शराब, एक कार, 10 मोबाइल और 10 हजार रुपए जब्त किए गए हैं। चंदाना में 15 और 18 अक्टूबर को दो लोगों की मौत के बाद से ही अवैध शराब की बिक्री को लेकर सवाल उठ रहे थे। मृतकों के परिजनों ने शराब से मौत होने की आशंका जताई थी। पत्रिका ने इस पूरे मामले को लगातार प्रमुखता से उठाया और सोमवार के अंक में विनोद जायसवाल के कथित डायरी सिस्टम से शराब बेचने के नेटवर्क का खुलासा किया। इसके बाद सोमवार को पुलिस ने कार्रवाई का खुलासा करते हुए 10 आरोपियों की गिरफ्तारी की जानकारी दी। हालांकि, मौतों और शराब के बीच संबंध की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।