
Bus fare hikes: छत्तीसगढ़ में यात्री बसों से सफर करने वाले लोगों की जेब पर अब अतिरिक्त बोझ पड़ने लगा है। परिवहन विभाग की नई अधिसूचना के बाद बस किराए में बढ़ोतरी की गई है। इसका असर धमतरी से रायपुर समेत प्रदेश के विभिन्न मार्गों पर यात्रा करने वाले यात्रियों पर पड़ रहा है। नई दरों के अनुसार, साधारण बस का किराया 1.25 रुपए प्रति किलोमीटर से बढ़ाकर 1.75 रुपए प्रति किलोमीटर कर दिया गया है। वहीं, धमतरी से रायपुर का साधारण बस किराया अब 140 रुपए बताया जा रहा है।
रात के सफर पर 10 प्रतिशत अतिरिक्त प्रीमियम लगने की जानकारी भी सामने आई है। बस किराए में बढ़ोतरी के साथ स्थानीय स्तर पर आवागमन का खर्च भी बढ़ा है। धमतरी में ई-रिक्शा की संख्या बढ़ने के बीच इनके किराए में भी इजाफा हुआ है। पहले जहां एक किलोमीटर की दूरी के लिए यात्रियों से करीब 10 रुपए लिए जाते थे, वहीं अब इसके लिए 15 से 20 रुपए तक चुकाने पड़ रहे हैं। ऐसे में रोजाना काम, पढ़ाई और अन्य जरूरतों के लिए बसों व ई-रिक्शा से सफर करने वाले लोगों का परिवहन खर्च बढ़ने की स्थिति बन गई है।
परिवहन विभाग की नई दरों के मुताबिक साधारण बसों का प्रति किलोमीटर किराया 50 पैसे बढ़ाया गया है। पहले यात्रियों को प्रति किलोमीटर 1.25 रुपए देने पड़ते थे, लेकिन अब यह दर 1.75 रुपए हो गई है। शुरुआती पांच किलोमीटर के लिए न्यूनतम किराया 10 रुपए निर्धारित किए जाने की जानकारी दी गई है। इसके बाद दूरी के हिसाब से किराया तय होगा। नई दरों का असर लंबी दूरी की यात्रा करने वाले यात्रियों पर ज्यादा दिखाई दे सकता है। रोजाना दूसरे शहरों में नौकरी, व्यापार, इलाज या पढ़ाई के लिए जाने वाले लोगों को अब पहले की तुलना में अधिक खर्च करना पड़ेगा। खासकर उन यात्रियों के लिए यह बदलाव महत्वपूर्ण है, जो नियमित रूप से धमतरी से रायपुर और आसपास के शहरों के बीच आवाजाही करते हैं।
बसों की अलग-अलग श्रेणियों के किराए में भी बदलाव की जानकारी सामने आई है। साधारण बसों के अलावा डीलक्स, सुपर डीलक्स और वोल्वो जैसी सेवाओं से सफर करने वाले यात्रियों को भी नई दरों के अनुसार किराया देना होगा। हालांकि, प्रत्येक श्रेणी और मार्ग पर लागू सटीक किराया संबंधित अधिसूचना के अनुसार अलग हो सकता है।
धमतरी से रायपुर के बीच बस से यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए साधारण किराया 140 रुपए बताया जा रहा है। इस मार्ग पर बड़ी संख्या में लोग नौकरी, कारोबार, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के लिए आवागमन करते हैं। किराए में बढ़ोतरी के कारण नियमित यात्रियों के मासिक बजट पर असर पड़ सकता है।यदि कोई यात्री महीने में कई बार इस मार्ग पर सफर करता है, तो किराए में हुई बढ़ोतरी उसके कुल परिवहन खर्च को प्रभावित करेगी। वहीं, परिवार के साथ यात्रा करने वाले लोगों को भी एक साथ कई टिकट लेने पर अधिक राशि खर्च करनी पड़ेगी।
धमतरी बस ऑपरेटर संघ के अध्यक्ष महावीर गुप्ता के अनुसार, यात्रियों को खुले पैसे यानी चिल्हर की समस्या से बचाने के लिए किराए को राउंड फिगर में निर्धारित किया गया है। किराए की गणना में बदलाव के पीछे यात्रियों और बस संचालकों के बीच भुगतान को आसान बनाने का तर्क दिया गया है। हालांकि, यात्रियों के लिए किराए में बढ़ोतरी का सीधा मतलब यात्रा पर अधिक खर्च करना है। विशेषकर कम आय वाले परिवारों, दैनिक यात्रियों और विद्यार्थियों के लिए यह बदलाव आर्थिक रूप से महत्वपूर्ण हो सकता है।
बस और टैक्सी किराए में बढ़ोतरी के बीच धमतरी में स्थानीय आवागमन के लिए इस्तेमाल होने वाले ई-रिक्शा का किराया भी बढ़ा है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, शहर में पहले करीब 150 ई-रिक्शा संचालित होते थे, जिनकी संख्या अब बढ़कर 500 से अधिक हो गई है। ई-रिक्शा की संख्या बढ़ने के बावजूद यात्रियों को कम किराए का लाभ नहीं मिल रहा है। पहले एक किलोमीटर की दूरी के लिए लगभग 10 रुपए किराया लिया जाता था, लेकिन अब इसी दूरी के लिए 15 से 20 रुपए तक देने पड़ रहे हैं। इससे बस स्टैंड, बाजार, अस्पताल, रेलवे स्टेशन और अन्य स्थानीय स्थानों तक जाने वाले लोगों का खर्च बढ़ गया है। जिन यात्रियों को लंबी दूरी की बस पकड़ने के लिए घर से बस स्टैंड या बस स्टैंड से अपने गंतव्य तक ई-रिक्शा लेना पड़ता है, उन्हें दो स्तर पर अधिक किराया चुकाना पड़ सकता है।
यात्री बसों के किराए में बढ़ोतरी और स्थानीय परिवहन के महंगे होने से आम लोगों के सामने खर्च संभालने की चुनौती बढ़ सकती है। रोजाना काम पर जाने वाले कर्मचारियों, छोटे कारोबारियों, विद्यार्थियों और इलाज के लिए दूसरे शहर जाने वाले परिवारों के लिए परिवहन खर्च घरेलू बजट का अहम हिस्सा होता है। धमतरी से रायपुर जैसे व्यस्त मार्ग पर किराया बढ़ने का असर नियमित यात्रियों पर विशेष रूप से पड़ सकता है। वहीं, शहर के भीतर छोटी दूरी के सफर के लिए ई-रिक्शा पर निर्भर लोगों को भी अब पहले से अधिक भुगतान करना पड़ रहा है।