
Chhattisgarh pension scheme: नगर निगम क्षेत्र में सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं का लाभ लेने वाले करीब 1500 हितग्राहियों का केवायसी और आधार अपडेट नहीं होने से पेंशन भुगतान प्रभावित हो रहा है। वहीं पेंशन के प्रकरणों का समय पर निराकरण नहीं होने और आवेदन निरस्त किए जाने से हितग्राहियों को बार-बार आवेदन करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। पेंशन पर निर्भर बुजुर्गों, विधवाओं और दिव्यांगों के लिए यह प्रक्रिया परेशानी का कारण बन रही है। नगर निगम क्षेत्र में विभिन्न सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं के तहत कुल 10,833 हितग्राही हैं।
इनमें सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के 3009, सुखद सहारा पेंशन के 1418, विधवा पेंशन योजना के 1805, वृद्धा पेंशन योजना के 3854, दिव्यांग पेंशन योजना के 386 और नवीन मुख्यमंत्री पेंशन योजना के 271 हितग्राही शामिल हैं। इस तरह शहरी क्षेत्र में पेंशनधारियों की संख्या 10,833 है। इनमें से 4651 पेंशनधारियों के खातों में डीबीटी के माध्यम से भुगतान किया जाता है, जबकि 137 हितग्राही नॉन-डीबीटी श्रेणी में हैं। निगम के अनुसार करीब 1500 हितग्राही ऐसे हैं, जिनका केवायसी और आधार अपडेट नहीं हुआ है। इसके चलते पेंशन की राशि जारी करने की प्रक्रिया में दिक्कत आ रही है।
पेंशन के कई प्रकरणों का समय पर निराकरण नहीं होने से हितग्राहियों को योजना का लाभ मिलने में देरी हो रही है। आवेदन में दस्तावेज या अन्य औपचारिकताओं से जुड़ी कमी होने पर प्रकरण निरस्त कर दिए जाते हैं। इसके बाद हितग्राहियों को दोबारा आवेदन करना पड़ता है। कई हितग्राही आवेदन की स्थिति जानने और दस्तावेजों की कमी दूर करने के लिए निगम कार्यालय के चक्कर लगा रहे हैं।
सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के 3009, सुखद सहारा पेंशन के 1418, विधवा पेंशन योजना के 1805, वृद्धा पेंशन योजना के 3854, दिव्यांग पेंशन योजना के 386 और नवीन मुख्यमंत्री पेंशन योजना के 271 हितग्राही हैं। इन सभी योजनाओं को मिलाकर नगर निगम क्षेत्र में कुल 10,833 पेंशनधारी हैं। ऐसे में करीब 1500 हितग्राहियों का केवायसी और आधार अपडेट नहीं होने से भुगतान प्रक्रिया प्रभावित होना बड़ी संख्या है।
सुभाष नगर वार्ड निवासी मनोहर लाल साहू ने पेंशन के लिए दो बार आवेदन किया। दोनों बार आवेदन निरस्त हो गया। निगम में अब पुन: आवेदन करने के लिए कहा जा रहा है।
महिला त्रिवेणी साहू ने बताया कि मुख्यमंत्री जनमस्या निवारण शिविर में उन्होंने पेंशन के लिए आवेदन किया था, लेकिन आवेदन निरस्त हो गया। पुन: निगम में आवेदन किया, लेकिन उसमें भी आवेदन को निरस्त बताया जा रहा है। अब पुन: आवेदन करने कहा जा रहा है।