CG Banking News: जिले के विभिन्न बैंकों में वित्तीय लेनदेन का हिसाब और ऑडिट का काम अंतिम चरण में है।
CG Banking News: छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में वित्तीय वर्ष को सम्माप्त होने में अब सिर्फ दो दिन शेष है। जिले के विभिन्न बैंकों में वित्तीय लेनदेन का हिसाब और ऑडिट का काम अंतिम चरण में है। सुबह से देर रात तक बैंकर्स विभिन्न डाक्यूमेंट को अपडेट करने में लगे हुए हैं। ऐसे में पेडिंग कार्यों को निबटाने में बैंकरों का पसीना छूट रहा है।
काम की अधिकता के चलते नगद राशि जमा कराने, डीडी बनवाने समेत अन्य बैकिंग कार्यों के लिए ग्राहकों को परेशानी उठानी पड़ रहा है। सूत्रों की मानें तो शनिवार को ही एक दिन में जिले के बैंकों में करीब 70 करोड़ से अधिक का लेनदेन हुआ है।अप्रैल-2025 से नया वित्तीय वर्ष शुरू हो जाएगा।
इसके पूर्व ही सभी बैकों में पुराना लेन-देन समेत ऑडिट का काम पूरा हो जाना चाहिए। यही वजह है कि 29 मार्च को विभिन्न बैंकों में सुबह 10 बजे से लेकर रात 1 बजे तक काम चलता रहा है। निजी फायनेंस कंपनी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि वित्तीय वर्ष समाप्त होने वाला है। ऑडिट का काम पूरा कर इसकी रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को भेजना है। वार्षिक लेनदेन का आंकलन समय पर नहीं होने से कर्मचारियों का समय पर वेतन नहीं मिल पाएगा।
यही वजह है कि उन्हें कार्य को पूरा करने के लिए दिन-रात कड़ी मशक्कत करना पड़ रहा है। इसी तरह बैंकों में भी काम की अधिकता के चलते ग्राहकाें को परेशानी हो रही है। इसी तरह बैंकों में भी ग्राहकों की भीड़ उमड़ रही है। ग्राहक अविनाश देवांगन, पूरण साहू, मनोज साक्षी ने बताया कि अधिकांश बैंकों में पहले ही स्टाफ की भारी कमी बनी हुई है। ऐसे में ऑडिट समेत पेंडिंग कार्यों को निबटाने के चलते बैंकर्स अपने ग्राहकों को सर्विस नहीं दे पा रहे हैं। यही वजह है कि ग्राहकों को मायूसी हाथ लग रही है।
इधर बैंकों में स्टाफ की कमी के चलते राशि का भुगतान करने के लिए ऑनलाइन मोड को ही प्रमोट किया जा रहा है। इसके लिए शासकीय एवं निजी बैंकों ने अपना एक अलग से बैंक एप भी लांच किया है। बैंकिंग कार्य के लिए आने वाले लोगों को अब एप लाउनलोड करवाकर इसी से ही काम चलाने के लिए कहा जा रहा है। इससे जिनके पास एंड्राइड मोबाइल नहीं है, उन्हें परेशानी हो रही है।
ग्राहक मनीष कोसरे, अनिल देवांगन ने बताया कि काम की अधिकता के चलते बैंकर्स 50 हजार हजार तक की राशि जमा कराने, राशि आहरण करने समेत चेक बुक मंगवाने समेत अन्य कार्याें को एटीएम से ही संपादित करने के लिए कह रहे हैं, लेकिन कई लोगों को इसकी जानकारी नहीं है। यही वजह है कि उन्हें मायूस होकर वापस लौटना पड़ रहा है।