
Kharmas 2024 Mahatv: जब आत्मा और शक्ति के कारक सूर्य गुरु की राशि धनु और मीन में भ्रमण करते हैं तो सूर्य की स्थिति कमजोर मानी जाती है। मान्यता है कि इस समय किए जाने वाले कार्यों में स्थायित्व में कमी मानी जाती है। इसलिए साल के इन दो महीनों में विवाह, गृह प्रवेश, नए व्यापार या किसी प्रकार की नई शुरुआत पर रोक है।
मान्यता है कि इसमें सफलता की संभावना कम होती है। साथ ही इससे कई प्रकार की परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इसलिए इस महीने में शुभ कार्य नहीं किए जाते हैं, हालांकि धार्मिक गतिविधियों के लिए यह समय अत्यंत महत्वपूर्ण है। इस दौरान भगवान विष्णु की पूजा, दान-पुण्य, और व्रत से विशेष फल मिलता है। आइये जानते हैं खरमास में क्या करें और क्या न करें ..
1.खरमास में पूजा-पाठ, भजन-कीर्तन और भगवान विष्णु की आराधना का विशेष महत्व है। इस दौरान धार्मिक ग्रंथों का पाठ और साधना शुभफल देने वाली मानी जाती है।
2. खरमास में जरूरतमंदों को भोजन, वस्त्र, धन और अन्य वस्तुओं के दान का विधान है। मलमास महीने में व्रत और ध्यान बहुत लाभकारी माना जाता है। इससे भगवान विष्णु का आशीर्वाद और मानसिक शांति मिलती है।
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1.खरमास में किसी भी तरह के शुभ काम जैसे विवाह, गृह प्रवेश, भूमि पूजन या कोई भी नया काम शुरू करने से बचें। इस दौरान नए व्यापार की शुरुआत भी निषिद्ध है।
2. खरमास में तामसिक भोजन से परहेज करें, जितना संभव हो शाकाहारी और सात्विक भोजन करें।
3. किसी भी व्यक्ति के लिए अभद्र भाषा का प्रयोग न करें।
4. खरमास में नया वाहन या मकान खरीदने की योजना को टालना अच्छा है।
5. इस महीने किसी बड़े समारोह या किसी प्रकार के सामाजिक आयोजन को टाल देना चाहिए।
हिंदू पंचांग के अनुसार साल 2024 के अंतिम महीने दिसंबर की 15 तारीख को सूर्य धनु राशि में प्रवेश करेंगे। इसी समय से खरमास की शुरुआत हो जाएगी। बता दें कि खरमास की शुरुआत रविवार 15 दिसंबर रात 10.19 बजे होगी। यह 14 जनवरी तक रहेगा.