रोग और उपचार

Vitamin D deficiency: हड्डियों में दर्द, थकान और उदासी की वजह विटामिन डी की है कमी, ये संकेत दिखते ही हो जाएं सतर्क

Vitamin deficiency: क्या आपकी हड्डियों जोड़ों में दर्द बराबर बना रह रहा है या आप बेहद थका और उदासी सा महसूस कर रहे तो ये आपके शरीर में विटामिन डी की कमी का संकेत है। विटामिन डी अगर शरीर में हद से ज्यादा कम हो जाए तो बहुत सी गंभीर बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है।
2 min read
• •
Updated: 27 May 2022, 5:23 PM IST
Neck, back and shoulder pain
Neck, back and shoulder pain

Vitamin D Deficiency In Body: विटामिन डी की कमी से केवल शारीरिक ही नहीं, मानिसक दुश्वारियां भी पैदा होने लगती हैं हड्डियों के साथ ही ये इम्युनिटी को बढ़ाने के लिए भीे बेहद जरूरी होती है। तो चलिए जानें कि कैसे पहचाने की शरीर में विटामिन डी की कमी हद से ज्यादा होने लगी है।

बहुत ज्यादा थकान, कमजोरी और हड्डियों में दर्द की समस्या अगर बनी रह रही है तो आपको अपने विटामिन डी की जांच करा लेनी चाहिए। अगर इन समस्याओं के साथ आपको कुछ अन्य दिक्कते भी नजर आती हैं तो डॉक्टर से जरूर मिलें।

विटामिन डी की कमी के प्रारंभिक और गंभीर लक्षण

1 जोड़-जोड़ में दर्द के साथ हड्डियों और पीठ में दर्द का बढ़ना।
2 डिप्रेशन और उदासी सा महसूस होना
3 अचानक से बहुत ज्यादा बाल का झड़ना।
4 मासपेशियों में दर्द और नसों में खिंचाव महसूस होना।
5 फोड़े-फुंसी या घाव देरी से भरना।
6 रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होते जाना और बहुत जल्दी-जल्दी इंफेक्शन होना।
7 नींद आना, सुस्ती और आलस महसूस होना।
8 सांस का फूलना।

विटामिन डी की कमी के कारण

विटामिन डी की कमी के कई कारण होते हैं। कोरोना संक्रमण के बाद भी लोगों में तेजी से इस विटामिन की कमी हुई थी। धूप से बचकर रहने की आदत भी इसकी वजह हो सकती है। साथ ही खानपान में विटामिन डी युक्त चीजों को न लेना भी एक बड़ा कारण है।

शरीर में कितना विटामिन डी होना चाहिए
प्रति मिलीलीटर ब्लड में 20 नैनोग्राम से 50 नैनोग्राम के बीच विटामिन डी होना चाहिए, लेकिन अगर किसी के ब्लड में प्रति मिलीलीटर 12 नैनोग्राम से कम विटामिन डी है तो इसका मतलब है कि उसे तत्काल सप्लीमेंट की जरूरत है।

विटामिन डी के लिए संतरे का जूस खूब पीएं
संतरे के अलावा संतरे का जूस में भी विटामिन डी खूब मिलता है। करीब 250 मिलीलीटर ऑरेंज जूस पीने से 100 IU विटामिन डी प्राप्त होता है। विटामिन डी की कमी को पूरा करने के लिए ये बेस्ट फ्रूट है। इसके अलावा धूप में रहना जरूरी है।

डिस्क्लेमर- आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल सामान्य जानकारी प्रदान करते हैं। इन्हें आजमाने से पहले किसी विशेषज्ञ अथवा चिकित्सक से सलाह जरूर लें। 'पत्रिका' इसके लिए उत्तरदायी नहीं है।

डिस्क्लेमर
इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ओपिनियन का विकल्प नहीं है। पाठकों को सलाह दी जाती है कि वे कोई भी दवा, उपचार या नुस्खा अपनी मर्जी से ना आजमाएं। इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है।
Published on: