रोग और उपचार

बदलते मौसम में ऐसे रखें किडनी का ध्यान, नहीं होगी ऐसी समस्या

गर्मी के दिनों अक्सर लोग पानी कम पीते हैं। इससे कई तरह की समस्याएं होती हैं। इसमें किडनी रोग भी प्रमुख है। कम पानी पीने से किडनी में पथरी की आशंका कई गुना बढ़ जाती है। जो लोग खुले स्थानों खासकर खेतों, सड़कों या फिर मजदूरी का काम करते हैं उनमें यह परेशानी रहती है।
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Updated: 3 Aug 2023, 7:04 PM IST
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गर्मी के दिनों अक्सर लोग पानी कम पीते हैं। इससे कई तरह की समस्याएं होती हैं। इसमें किडनी रोग भी प्रमुख है। कम पानी पीने से किडनी में पथरी की आशंका कई गुना बढ़ जाती है। जो लोग खुले स्थानों खासकर खेतों, सड़कों या फिर मजदूरी का काम करते हैं उनमें यह परेशानी रहती है।

ऐसे होता है नुकसान
पानी शरीर में जमे टॉक्सिक तत्त्व भी बाहर निकलता है। ये तत्त्व भी किडनी में पथरी का कारण बनते हैं। पानी की कमी से भी शरीर में यूरिक एसिड और ऑग्जलेट की मात्रा बढ़ती है। इससे पथरी बनने और किडनी के अस्थाई रूप से नुकसान की आशंका रहती है। अगर इसके लक्षणों की बात करें तो यूरिन का रंग पीला या फिर जीभ पर सूखापन महसूस हो रहा है तो पानी पीने की मात्रा को बढ़ा देना चाहिए। इससे किडनी भी स्वस्थ रहने लगती है।

ऐसे करें बचाव: रोज 2.5-3 लीटर पानी पीएं। कुछ लोग सोचते हैं कि पानी की जगह सॉफ्ट ड्रिंक्स पी लेंगे तो भी राहत मिलेगी। ऐसा नहीं है। चीनी वाले पेय में मौजूद फ्रक्टोस शरीर में यूरिक एसिड बढ़ाकर किडनी में पथरी का कारण बनते हैं।

डिसक्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह किसी क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। इसलिए पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।

डिस्क्लेमर
इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ओपिनियन का विकल्प नहीं है। पाठकों को सलाह दी जाती है कि वे कोई भी दवा, उपचार या नुस्खा अपनी मर्जी से ना आजमाएं। इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है।
Updated on:
3 Aug 2023, 7:04 PM IST
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