दुर्ग

#Cg Assembly Election 2018 : हमनाम प्रत्याशी उतारे तो खैर नहीं, पूरा खर्चा जुड़ेगा उतारने वाले के खाते में

चुनाव आयोग ने इस बार हमनाम अथवा मिलते जुलते नामों वाले डमी प्रत्याशियों पर भी पैनी नजर रखने का निर्णय लिया है। इसके लिए निगरानी दल व फ्लाइंग स्क्वाड का गठन किया गया है।

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Oct 21, 2018
#cgelection2018
#Cg Assembly Election 2018 : हमनाम प्रत्याशी उतारे तो खैर नहीं, पूरा खर्चा जुड़ेगा उतारने वाले के खाते में

दुर्ग. चुनावों में अक्सर हमनाम अथवा मिलते-जुलते नामों वाले डमी प्रत्याशी भी उतारे जाते हैं। आमतौर पर विरोधियों के हमनाम प्रत्याशी उतारकर मतदाताओं को भ्रमित करने और नतीजों को अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करने की मंशा से ऐसा किया जाता है इस बार ऐसा किया तो ऐसे व्यक्ति को चुनाव मैदान में उतारने वाले प्रत्याशियों की खैर नहीं है। चुनाव आयोग ने ऐसे मामलों पर अंकुश के लिए सख्ती के प्रावधान किए हैं। यदि ऐसा किया जाना प्रमाणित होता है तो डमी प्रत्याशी द्वारा किया गया पूरा खर्च उसे चुनाव में उतारने वाले प्रत्याशी के खाते में जोड़ दिया जाएगा।

डमी प्रत्याशियों पर भी पैनी नजर

चुनाव आयोग ने इस बार हमनाम अथवा मिलते जुलते नामों वाले डमी प्रत्याशियों पर भी पैनी नजर रखने का निर्णय लिया है। इसके लिए निगरानी दल व फ्लाइंग स्क्वाड का गठन किया गया है। ये दल मतदाताओं को प्रभावित करने की मंशा से किसी भी अभ्यर्थी द्वारा डमी प्रत्याशी उतारा तो नहीं गया है इसकी निगरानी करेगी।

प्रत्याशी को समर्थन किया तो भी खर्च जुडेगा

चुनाव के दौरान किसी प्रत्याशी द्वारा अन्य प्रत्याशी का समर्थन किया जाना भी महंगा पड़ेगा। ऐसी स्थिति में समर्थन की घोषणा करने वाले प्रत्याशी द्वारा चुनाव के दौरान खर्च की गई सभी राशि जिसके पक्ष में समर्थन की घोषणा की जाएगी, उसके खाते में जोड़ दिया जाएगा।

साथ घूमने पर भी चलेगा आयोग का डंडा
निर्वाचन आयोग के निर्देश के मुताबिक किसी प्रत्याशी के साथ दूसरे प्रत्याशी का घुमना, प्रचार के दौरान एक ही वाहन साझा करना, एक के पास दूसरे का चुनाव से संबंधित कोई भी सामग्री मिलना, समर्थकों का मेल-जोल आदि भी नैतिक समर्थन मान लिया जाएगा। ऐसी स्थिति में दोनों के खर्च को साझा मान लिया जाएगा।

Published on:
21 Oct 2018 11:53 pm