अब तक भामाशाहों से 20 लाख रुपए से अधिक की राशि प्राप्त हो गई है।
डूंगरपुर जिला प्रशासन एवं राजस्थान पत्रिका की ओर से शुरू की गई आंगनवाड़ी केन्द्रों के कुपोषित एवं जरूरतमंद बच्चों को दूध देेने की योजना का उद्घाटन सोमवार को मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे करेगी। कलक्टर राजेन्द्र कुमार भट्ट ने बताया कि सीएम सोमवार दोपहर १२.१५ बजे राजमाता विजयाराजे सिंधिया ऑडिटोरियम हॉल में जनसंवाद कार्यक्रम में शामिल होगी। इस दौरान सीएम सेवा प्रकल्प के अभियान का शुभारंभ करेगी। इससे पहले सरकार ने अन्नपूर्णा दुग्ध वितरण योजना शुरू की है। पर, इसमें आंगनवाड़ी केन्द्रों के बच्चों को शामिल नहीं किया गया। इस पर जिला कलक्टर एवं पत्रिका ने संयुक्त अभियान चलाया और भामाशाहों से संपर्क किया। अब तक भामाशाहों से 20 लाख रुपए से अधिक की राशि प्राप्त हो गई है। इस प्रयास से जिले के 29 हजार कुपोषित बच्चों को हर दिन दूध उपलब्ध होगा।
राजस्थान सरकार ने स्कूलों में पहली से आठवीं कक्षा के बच्चों को पोषण के लिए मिड-डे मिल में खाने के साथ २ जुलाई से दूध पिलाना भी शुरू कर दिया है । यह दूध स्कूल स्तर पर ही खरीदा जा रहा है और प्रार्थना सभा के तुरन्त बाद पिलाया जा रहा है । योजना के अनुसार दूध सप्ताह में ३ दिन वितरित किया जाता है । बच्चों को स्कूल तो आने के लिए प्रेरित करने और उनके पोषण का पूरा ध्यान रखने का जिम्मा उठाते हुए राजस्थान की वसुंधरा सरकार ने यह कदम उठाया है । उम्मीद की जा रही है कि इससे स्कूलों में स्टूडेंट्स की हाजरी बढ़ेगी।
कितने बच्चे, इस पर संशय!
66506 सरकारी स्कूलों में पहली से आठवीं तक के 62 लाख बच्चों को दूध दिया जाएगा, सरकार के दावे के अनुसार
77.31 लाख बच्चे ही हैं सरकारी स्कूलों में कुल, विभाग के शाला दर्शन व शाला दर्पण पोर्टल के अनुसार
62 लाख बच्चे पहली से 8वीं कक्षा के बता रही है सरकार, यानी 9 से 12वीं तक केवल 15.31 लाख छात्र-छात्राएं हैं।