Nursing Colleges In India: नर्सिंग स्टाफ किसी भी हेल्थ सिस्टम की रीढ़ हैं, मेडिकल टूरिज्म एक उभरता हुआ क्षेत्र है, जहां रोजगार के बेइंतहा अवसर तैयार हो सकते हैं लेकिन इन्हें तैयार करने के कॉलेजों के मामले में अभी कॉफी कुछ करना बाकी है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि नर्सिंग कॉलेज मामलों में टॉप पर कौन से राज्य हैं और किन केंद्र शासित प्रदेशों में एक भी कॉलेज नहीं हैं (medical tourism preparation) ।
Nursing Colleges In India: मेडिकल एक्सपर्ट की मानें तो मेडिकल टूरिज्म में अपार संभावनाओं (Medical Tourism Preparation) को देखते हुए देश भर के राज्यों में स्वास्थ्य का इंफ्रास्ट्रक्चर बढ़ाने पर ध्यान दिया है। इसके लिए नर्सिंग कॉलेज में नर्सिंग स्टाफ और नर्सिंग सेवाओं का विस्तार करना भी महत्वपूर्ण कई राज्यों ने इस ओर कदम भी बढ़ाया है। इसी का नतीजा है कि नर्सिंग शैक्षिक कार्यक्रमों के लिए छात्र-रोगी अनुपात को 1:5 से शिथिल करके 1:3 किया गया है।
केंद्र सरकार के आंकड़े के अनुसार देशभर में 31 दिसंबर 2024 तक 2520 नर्सिंग कॉलेज थे और सैकड़ों की संख्या में नए नर्सिंग कॉलेज खुलने की प्रक्रिया में हैं। बहरहाल आइये जानते हैं कि सबसे अधिक नर्सिंग मेडकल कॉलेज के मामले में अग्रणी राज्य कौन हैं (Nursing Colleges In UP)।
| राज्य | कॉलेज संख्या |
| कर्नाटक | 391 |
| तमिलनाडु | 221 |
| उत्तरप्रदेश | 194 |
| राजस्थान | 180 |
| मध्यप्रदेश | 167 |
नर्सिंग कॉलेज के मामले में 391 कॉलेजों के साथ कर्नाटक देश का पहला राज्य है और तमिलनाडु 221 कॉलेज के साथ दूसरे नंबर पर है। वहीं इस सूची में उत्तर प्रदेश, राजस्थान और मध्य प्रदेश क्रमशः तीसरे, चौथे और पांचवें स्थान पर हैं। जबकि दक्षिण के राज्यों की बात करें तो आंध्रप्रदेश और तेलंगाना में क्रमश: 144 और 103 कॉलेज हैं।
इस मामले में पिछड़े राज्यों की बात करें तो केंद्र शासित प्रदेश अंडमान-निकोबार द्वीप समूह और लद्दाख में एक भी नर्सिंग कॉलेज नहीं है। इस दृष्टि से पूर्वोत्तर भी काफी पिछड़ा है जहां कॉलेजों की संख्या पांच से भी कम है।
आंकड़ों के अनुसार पश्चिम बंगाल में दिसम्बर 2024 तक 121 बीएससी नर्सिंग कॉलेज कार्यरत हैं। जबकि 2022 से 2024 के बीच ही प. बंगाल के लिए 72 कॉलेजों की अनुमति दी गई है। इनके तैयार होने के बाद पश्चिम बंगाल में भी स्थिति में बड़ा बदलाव आएगा। पिछले तीन सालों की बात करें तो पश्चिम बंगाल में सर्वाधिक नर्सिंग कॉलेज खुले हैं।
मेडिकल टूरिज्म पर फोकस कर रहा तमिलनाडु, अस्पतालों में नर्सिंग सेवाओं के विस्तार के भी प्रयास कर रहा है। इसी कारण तमिलनाडु के स्वास्थ्य विभाग की अनुदान मांगों में भी नर्सिंग स्टाफ बढ़ाने और कॉलेजों के विस्तार की बात कही गई है।
केंद्र सरकार के अनुसार देशभर में 31 दिसंबर 2024 तक 2520 नर्सिंग कॉलेज थे जिनमें से अकेले तमिलनाडु में 221 कॉलेज हैं। वहीं तमिलनाडु में पिछले तीन सालों में दस नर्सिंग कॉलेजों को मंजूरी दी गई।
इंडियन नर्सिंग काउंसिल के अनुसार तमिलनाडु में जीएनएम पाठ्यक्रम चलाने वाली 194 और बी.एससी. (नर्सिंग) पढ़ाने वाले 221 नर्सिंग कॉलेज हैं।
केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने तमिलनाडु के लोकसभा सांसद सी. एन. अन्नादुरै को दिए जवाब में कहा, "केन्द्रीय प्रायोजित योजना (सीएसएस) के तहत तमिलनाडु में ग्यारह (11) कॉलेजों सहित देश में 157 नर्सिंग कॉलेज स्वीकृत किए गए हैं।
'नर्सिंग सेवाओं का विकास' के तहत नर्सिंग स्कूलों का नर्सिंग कॉलेजों के रूप में उन्नयन करने के लिए राज्यों को वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है। पहाड़ी क्षेत्रों में नर्सिंग शिक्षा संस्थाओं के बीच की दूरी को 10 किमी से घटाकर 5 किमी किया गया है।