
तीन मार्च को विधानसभा चुनाव के छठे चरण के लिए मतदान होगा। यह मतदान पूर्वी यूपी के जिलों के लिए होगा। छठे चरण में कई ऐसे प्रत्याशी हैं, जिनपर आपराधिक मामले दर्ज हैं, तो कई ऐसे भी हैं जिनकी योग्यता इंटरमीडिएट या इससे भी कम है। तीन मार्च को भाजपा, सपा , कांग्रेस, बसपा समेत कई दलों के प्रत्याशियों की किस्मत ईवीएम में कैद हो जाएगी। लेकिन इस बीच उन्हें वोट करने से पहले जान लें कि कौन कितना पढ़ा लिखा है।
5वीं से 12वीं के बीच है शैक्षिक योग्यता
एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म (एडीआर) की रिपोर्ट के मुताबिक, छठे चरण के 35 प्रतिशत उम्मीदवारों की योग्यता इंटरमीडिएट या इससे भी कम है। 234 प्रत्याशी ऐसे हैं जिनकी शैक्षिक योग्यता 5वीं से 12वीं के बीच है। वहीं 382 उम्मीदवार ऐसे हैं जिन्होंने स्नातक या इससे भी अधिक पढ़ाई की है। छह उम्मीदवार डिप्लोमाधारक हैं, जबकि 44 प्रत्याशी साक्षर हैं। तीन उम्मीदवार निरक्षर हैं। वहीं, छठे चरण के 57 में 37 (65%) निर्वाचन क्षेत्र संवेदनशील हैं। इन क्षेत्रों में तीन या उससे अधिक उम्मीदवारों ने अपने ऊपर आपराधिक मामले घोषित किए हैं।
34 प्रतिशत युवा प्रत्याशी
इस चरण में 34 प्रतिशत युवा प्रत्याशी हैं। इनकी उम्र 25 से 40 वर्ष के बीच है और ऐसे प्रत्याशियों की संख्या 226 है। 52 प्रतिशत यानी 346 उम्मीदवारों की उम्र 41 से 60 साल के बीच है। 15 प्रतिशत उम्मीदवारों की उम्र 61 से 80 साल के बीच है। इस चरण में केवल 10 प्रतिशत महिला उम्मीदवार हैं। इनकी कुल संख्या 65 है।