लाखों कस्टमर्स के कार्ड्स हो चुके हैं एक्सपायर कूरियर फैसिलिटी न होने से नहीं हो पा रहे डिलीवर
नई दिल्ली: लॉकडाउन की वजह से बैंक अपने कस्टमर्स तक नए DEBIT और CREDIT CARD नहीं पहुंचा पा रहे हैं। हालांकि 20 तारीख से कुरियर फैसिलिटी बहाल कर दी गई है लेकिन बैंक वालों का कहना है कि लोकल अथॉरिटीज कार्ड्स को आवश्यक सामानों में नहीं काउंट कर रही है जिसकी वजह ये दिक्कत हो रही है।
हर महीने 50 लाख होते हैं एक्सपायर्स- बैंकर्स का कहना है कि हर महीने औसतन 50 लाख कार्ड एक्सपायर होते हैं जिन्हें रिप्लेस करना होता है । लॉकडाउन की वजह से अप्रैल में ये संख्या और भी ज्यादा है लेकिन फिलहाल वो कस्टमर्स तक ये फैसिलिटी पहुंचाने में समर्थ नहीं है।
RBI के आंकड़ों के मुताबिक अप्रैल 2015 में कुछ 1.13 लाख डेबिट कार्ड और 1.7 लाख क्रेडिट कार्ड्स को सिस्टम में जोड़ा गया था अगर इन कार्ड्स की वैलिडिटी 5 साल भी मान ली जाए और अगर 80 फीसदी अकाउंट्स भी एक्टिव हैं तो भी लगभग 90 लाख कार्ड्स रिप्लेस होने होंगे। इसके अलावा मई फिर से 60 लाख नए कार्ड इश्यू हुए जिसका मतलब है कि मई में एक बार फिर से कार्ड्स रिप्लेस होने की डिमांड काफी ज्यादा होगी। RBI के मुताबिक पिछले 5 साल में कार्ड यूज करने वालों की संख्या में जबरद्सत इजाफा हुआ है । जहां 2015न में 55 करोड़ कार्ड यूजर्स थे वहीं 2020 में ये संख्या 81 करोड़ से ज्यादा हो चुकी है।
कैसे निकालेंगे कैश- कार्ड न होने पर सबसे बड़ी समस्या कैश की होती है कि आखिर कस्टमर पैसा या कैश कैसे निकालें। कुछ बैंक तो फिलहाल कार्डलेस ट्रांजेक्शन की सुविधा दे रहे हैं लेकिन ऐसा न होने पर डिजीटल पेमेंट ही अकेला ऑप्शन बचता है।