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SBI के बाद BOI ने सस्ता किया कर्ज, ब्याज दरों में 0.75 फीसदी कटौती की

बैंक ने अपने ग्राहकों को होम, व्हीकल और एमएसएमई लोन में दिया फायदा आरबीआई ने कुछ दिन पहले रेपो रेट में 0.75 फीसदी की कर दी थी कटौती

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Mar 29, 2020
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BOI reduces debt after SBI, cuts interest rates by 0.75 percent

नई दिल्ली। कोरोना वायरस के पैदा हुए आर्थिक संकट से आम लोगों और छोटे कारोबारियों को राहत देने के लिए रेपो दरों में राहत दी थी। अब उस राहत को आम जनता पहुंचाने का काम सरकारी बैंकों की ओर से शुरू कर दिया है। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के बाद बैंक ऑफ इंडिया की ओर से राहत दी गई है। बीओआई ने ब्याज दरों में 0.75 फीसदी की कटौती कर दी है। जिसके तहत होम, व्हीकल और एमएसएमई लोन में राहत मिलेगी।

बीओआई ने किया ऐलान
बैंक ऑफ इंडिया ने एक्सटर्नल स्टैंडर्ड बेस्ड इंट्रस्ट रेट में 0.75 फीसदी कम कर 7.25 फीसदी करने का फैसला लिया है, जो कि एक अप्रैल से लागू हो जाएंगी। बैंक ने रिजर्व द्वारा दी गई 0.75 फीसदी की पूरी राहत ग्राहकों को दे दी है। बैंक ऑफ इंडिया की ओर से कटौती करने के बाद होम लोन, व्हीकल लोन और एमएसएमई लोन के ग्राहकों को बड़ा फायदा मिलेगा। वहीं बैंक की ओर से एक माह से लेकर एक साल तक की परिपक्वता अवधि वाले लोन के लिए एमसीएलआर में 0.25 फीसदी की कटौती कर दी है। वहीं एक दिन की परिक्वता वाले ऋण के लिए एमसीएलआर में 0.15 फीादी की कटौती की है।

एसबीआई की ओर से भी हो चुका है राहत का ऐलान
इससे पहले एसबीआई की ओर से अपने ग्राहकों को राहत दी जा चुकी है। इकोनॉमी के समर्थन में आरबीआई की असाधारण मौद्रिक नीति के जवाब में एसबीआई पूरी 75 आधार अंकों की दर कटौती अपने उधारीकर्ताओं को हस्तांतरित करेगा।" एसबीआई ने एक्सटर्नल बेंचमार्क-लिंक्ड लेंडिंग रेट को 7.80 प्रतिशत से घटाकर 7.05 प्रतिशत वार्षिक कर दिया है और रेपो-लिंक्ड लेंडिंग रेट को 7.40 से 6.65 फीसदी वार्षिक कर दिया है। इसके बाद होम लोन, 30 साल के लोन प्लान पर प्रति एक लाख पर लगभग 52 रुपए सस्ता हो जाएगा।

आरबीआई ने लिया फैसला
कोरोना वायरस महामारी के कारण भारतीय अर्थव्यवस्था पर पडऩे वाले असर से निपटने के लिए आरबीआई ने शुक्रवार को रेपो रेट को 75 आधार अंक घटाकर 4.4 कर दिया। अक्टूूबर 2019 की मौद्रिक नीति समीक्षा के बाद रेपो रेट में यह पहली कटौती है। यह मौद्रिक नीति समीक्षा पहले 31 मार्च और तीन अप्रैल को होने वाली थी, लेकिन कोरोनावायरस महामारी के कारण इसे 24, 26 और 27 मार्च को आयोजित करनी पड़ी। चूंकि आरबीआई ने ब्याज दर में कटौती की है, लिहाजा बैंकों के पास अब खुदरा ऋण पर ब्याज दर घटाने का अवसर है। इससे आम आदमी और कारोबारी को मदद मिलेगी।

Updated on:
29 Mar 2020 06:47 pm
Published on:
29 Mar 2020 05:42 pm