
FIFA World Cup 2026, Mexico vs Ecuador: फीफा वर्ल्डकप 2026 के राउंड ऑफ 32 मुकाबले में मेक्सिको ने इक्वाडोर को हराकर प्री-क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली है। मेक्सिको के लिए इस मुकाबले में जूलियन क्विनेस ने 22वें मिनट में गोल किया, तो 31वें मिनट में राउल जिमेनेज़ ने टीम को 2-0 से आगे कर दिया। सेकंड हाफ में कोई भी टीम गोल नहीं कर सकी।
इक्वाडोर को आखिरी मिनट में रेड कार्ड जरूर मिला, जिसकी वजह से पिएरो हिकांपी को मैदान से बाहर हो गए और आखिरी कुछ पल इक्वाडोर को सिर्फ 10 खिलाड़ियों के साथ खेलना पड़ा। हालांकि, इसका मैच पर ज्यादा कोई फर्क नहीं पड़ा, क्योंकि इक्वाडोर पहले ही हार चुकी थी।
इस जीत के साथ मेक्सिको ने इतिहास रच दिया और 1990 के बाद ऐसी पहली मेजबान टीम बन गई, जिसने वर्ल्ड कप में लगातार चार मुकाबले जीते हैं। इससे पहले इटली ने 1990 में यह कारनामा किया था। अब मेक्सिको का अगला मुकाबला प्री-क्वार्टर फाइनल में इंग्लैंड या डीआर कांगो से हो सकता है। मेक्सिको बनाम इक्वाडोर मुकाबले के खत्म होने के कुछ देर बाद ही इंग्लैंड और डीआर कांगो के बीच मैच शुरू हो गया और इस मुकाबले को जीतने वाली टीम प्री-क्वार्टर फाइनल में मेक्सिको का सामना करेगी।
फीफा वर्ल्डकप के इतिहास में मेक्सिको की नॉकआउट स्टेज में ये सिर्फ दूसरी जीत है। इससे पहले उन्होंने 1986 में जीत दर्ज की थी, जो मेक्सिको सिटी स्टेडियम में ही खेला गया था।
इस मुकाबले की बात की जाए तो मेक्सिको ने अपने घरेलू दर्शकों के सामने खेलते हुए शानदार शुरुआत की और पहले मिनट से इक्वाडोर पर दबाव बना कर रखा। हालांकि इक्वाडोर ने शुरुआत में कई बेहतरीन डिफेंस किए लेकिन 22 मिनट में उनकी डिफेंस की दीवार को जूलियन क्विनेस ध्वस्त कर दिया और मेजबान टीम को बढ़त दिला दी। इस गोल के 9 मिनट बाद इक्वाडोर के डिफेंस से चूक हुई, जिसका मेक्सिको ने फायदा उठाया। खेल के 31वें मिनट में राउल जिमेनेज़ ने गोल कर टीम को 2-0 से आगे कर दिया। इसके बाद पहले हाफ तक कोई और गोल नहीं हो सका।
दूसरे हाफ की शुरुआत में भी मेक्सिको ने अपना आक्रामक खेल जारी रखा लेकिन इस बार इक्वाडोर ने डिफेंस में कोई चूक नहीं की। खेल के दूसरे हाफ में मेक्सिको ने गोल करने की कई कोशिशें की लेकिन इक्वाडोर के सामने उन्हें सफलता नहीं मिली। खेल के आखिरी पलों में पिएरा को रेड कार्ड मिला, जिससे इक्वाडोर को 10 खिलाड़ियों के साथ खेलने पड़ा। लेकिन इसके बावजूद उनकी डिफेंस कमजोर नहीं पड़ी और मुकाबला 2-0 पर समाप्त हो गया। पहले हाफ में गलतियों का इक्वाडोर को नुकसान उठाना पड़ा और वह टूर्नामेंट से बाहर हो गई।