गरियाबंद

भूत-प्रेत की अफवाहों से दहशत… यहां एक-एक करके स्कूल छोड़ रहे बच्चे, आखिर क्या है सच्चाई? जानें

CG News: पाण्डुका में संचालित पीएमश्री जवाहर नवोदय विद्यालय के हॉस्टल में अंधविश्वास और भूत-प्रेत जैसी अफवाहों ने सनसनी मचा दी है। हॉस्टल में रह रही छात्राएं और छात्र इस डर के चलते एक-एक करके स्कूल छोड़ रहे हैं।

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भूत-प्रेत की अफवाहों से दहशत (फोटो सोर्स- पत्रिका)

CG News: पाण्डुका में संचालित पीएमश्री जवाहर नवोदय विद्यालय के हॉस्टल में अंधविश्वास और भूत-प्रेत जैसी अफवाहों ने सनसनी मचा दी है। हॉस्टल में रह रही छात्राएं और छात्र इस डर के चलते एक-एक करके स्कूल छोड़ रहे हैं। इस समय विद्यालय की 6वीं कक्षा की छात्रा हुमेश्वरी ढीढ़ी, जो फिंगेश्वर ब्लॉक के कुंडेल गांव की रहने वाली हैं, बुरी शक्ति का अहसास होने और अचानक स्वास्थ्य खराब होने के कारण हॉस्टल छोड़कर घर आ गई हैं।

छात्रा हुमेश्वरी ने पत्रिका को बताया कि ‘‘जब से मैं यहां पढऩे गई हूं, तब से मेरे साथ कई अजीब घटनाएं हो रही हैं। कई बार मैं दो घंटे तक बेहोश रही, और एक रात 1 बजे वाशरूम के लिए उठी तो सफेद कपड़े में कोई खड़ा था, लेकिन वापसी पर वह गायब हो गया। स्टाफ ने मुझे धमकाकर चुप रहने को कहा। अंतत: मैंने अपने माता-पिता को जानकारी दी और उन्होंने मुझे हॉस्टल से घर ले आए।

CG News: पालकों का नाराजगी भरा बयान

छात्रा के माता-पिता ने कहा, ‘‘नवोदय विद्यालय का नाम तो बड़ा है, लेकिन व्यवस्थाएं बेहद लचर हैं। यदि बच्ची की तबियत खराब होती है, तो कोई ध्यान नहीं देता। स्टाफ अपनी जिम्मेदारी से भागते हैं और गलती बच्चों और पालकों पर डाल देते हैं। हमने बच्ची की जांच कराई, रिपोर्ट नॉर्मल आई, लेकिन अन्य दो बच्चों ने भी इसी कारण हॉस्टल छोड़ दिया।

पढ़ाई पर असर और भविष्य की चिंता

छात्रा हुमेश्वरी अब अपने घर से परीक्षा में बैठने की अनुमति की गुहार लगा रही हैं। यह मामला केवल हॉस्टल में भय का नहीं, बल्कि होनहार बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होने का भी है। इस घटनाक्रम ने विद्यालय प्रबंधन और प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं कि क्या सुरक्षा और मानसिक संतुलन सुनिश्चित किया जा रहा है।

अधिकारियों और विशेषज्ञों का बयान

इस मामले में कलेक्टर भगवान सिंह उइके ने कहा कि उन्हें इस घटना की जानकारी नहीं है। जानकारी मिलने पर ही उचित कार्रवाई होगी। वहीं, अंधश्रद्धा उन्मूलन समिति के अध्यक्ष डॉ. दिनेश मिश्रा ने बताया, ‘‘इस उम्र के बच्चे डर या शरारत के कारण भूत-प्रेत महसूस कर सकते हैं। वहीं प्राचार्या महिमा सिन्हा ने इस संबंध में सवाल पूछने पर कल बात करेंगी कहकर बात खत्म कर दी।

Updated on:
12 Jan 2026 06:46 pm
Published on:
12 Jan 2026 06:45 pm
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